नयी दिल्ली, (वार्ता) सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) मनस्वी वशिष्ठ के खिलाफ प्रस्तावित विभागीय कार्यवाही के मद्देनजर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने उन्हें निलंबित कर दिया है।
सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई हाल ही में शाहदरा में अधिवक्ताओं के साथ हुए विवाद के बाद दो अधिकारियों के तबादले से उपजे असंतोष के बाद की गई है।
मीडिया रिपोर्टों और सूत्रों के मुताबिक, सोमवार को संबंधित अधिकारी के नेतृत्व में पुलिसकर्मियों के एक समूह ने दिल्ली पुलिस मुख्यालय (पीएचक्यू) के पास एकत्र होकर प्रदर्शन किया था और अपनी चिंताएं व्यक्त की थीं।
गृह मंत्रालय ने इस अनुशासनहीनता को बेहद गंभीरता से लिया है।
दूसरी ओर, पुलिसकर्मियों की चिंताओं को दूर करने के लिए सोमवार को ही पुलिस मुख्यालय में एक ‘संपर्क सभा’ का आयोजन किया गया। इस बैठक में पुलिस कमिश्नर सहित सभी विशेष आयुक्त और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिन्होंने पुलिसकर्मियों की शिकायतों को गंभीरता से सुना।
बैठक में बल की गरिमा, वर्दी के सम्मान और शिकायतों के निवारण के लिए एक संरचित तंत्र की आवश्यकता पर जोर दिया गया।
पुलिस प्रमुख ने आश्वासन दिया कि जवानों के मनोबल को बनाए रखने और वर्दी की गरिमा की रक्षा के लिए उनकी जायज मांगों पर उचित कदम उठाए जाएंगे।
इसके अलावा, दिल्ली बार काउंसिल और विभिन्न बार एसोसिएशनों के प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया है कि पुलिस अधिकारियों के आधिकारिक कर्तव्यों के निर्वहन में आने वाली समस्याओं के समाधान के लिए जिला और मुख्यालय स्तर पर एक ‘संयुक्त समन्वय समिति’ का गठन किया जाएगा।
