आबकारी विभाग जिलेभर में अवैध शराब के खिलाफ चलेगा अभियान

छिंदवाड़ा। जिले में आबकारी विभाग ने अवैध शराब की बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई तेज करने की तैयारी शुरू कर दी है। आज जिला आबकारी अधिकारी बीआर वैद्य ने जिले के आबकारी अधिकारियों, शराब ठेकेदारों, सेल्समैन और दुकानों में कार्यरत कर्मचारियों की बैठक लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में स्पष्ट किया गया कि जिले में कहीं भी अवैध शराब की बिक्री की शिकायत मिलने पर संबंधित क्षेत्र में तत्काल जांच कर कार्रवाई की जाए। अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में अवैध शराब बेचने वालों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। सूची के आधार पर शराब तस्करों और अवैध कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। आबकारी विभाग की इस सक्रियता से जिले में अवैध शराब के कारोबार पर कार्रवाई की उम्मीद बढ़ी है।

शराब दुकानों के स्टॉक की भी होगी जांच ०००००

बैठक में जिला आबकारी अधिकारी ने शराब दुकानों में उपलब्ध स्टॉक और शराब की आपूर्ति के स्रोत की जांच करने पर भी जोर दिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दुकानों में रखी शराब के दस्तावेजों और स्टॉक का मिलान किया जाए। यह भी सुनिश्चित किया जाए कि दुकानों में बिक रही शराब अधिकृत स्रोत से ही आई हो और कहीं दूसरे जिले की शराब अवैध रूप से तो नहीं बेची जा रही है। असली और नकली शराब की पहचान के लिए भी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।

क्षेत्रीय अधिकारी भी होंगे जिम्मेदार ०००००

जिला आबकारी अधिकारी ने क्षेत्रीय अधिकारियों को अवैध शराब के कारोबार पर प्रभावी रोक लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने साफ कहा कि जिन क्षेत्रों में अवैध शराब की बिक्री की शिकायतें सामने आती हैं, वहां तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। यदि किसी अधिकारी के कार्यक्षेत्र में लगातार अवैध शराब बिकने की बात सामने आती है तो संबंधित अधिकारी की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी और उसके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।

Next Post

बिहार में स्वास्थ्य सेवाओं का तीन से चार गुना विस्तार जरूरी : सम्राट

Fri Oct 30 , 2026
पटना, 30 अक्टूबर (वार्ता) बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार कहा है कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं का तीन से चार गुना विस्तार करने की आवश्यकता है, जिससे आम लोगों को आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधाएं उनके नजदीक उपलब्ध हो सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके लिए चिकित्सा महाविद्यालयों […]

You May Like