चितरंगी: चितरंगी स्थित भारतीय स्टेट बैंक के शाखा प्रबंधक के खिलाफ पीएमएफएमई योजना के तहत ऋण दिलाने के नाम पर कमीशन मांगन, अग्रिम राशि लेने और जातिसूचक अपशब्दों के साथ गाली-गलौज करने का आरोप लगा है। ग्राम भुर्तिया टोला नैकहवा निवासी पट्टर साकेत ने एसडीओपी चितरंगी को लिखित शिकायत देकर निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है। शिकायत में बैंक मैनेजर का पक्ष आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी, लेकिन यह जरूर चर्चा है कि ऋण देने के एवज में 10 प्रतिशत इधर-उधर में खर्च करना पड़ता है। इधर-उधर लेने में कौन खर्च करवाता है यह तो जांच के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
शिकायत के अनुसार पट्टर साकेत ने आटा चक्की उद्योग स्थापित करने के लिए पीएमएफएमई योजना के तहत 10 लाख रुपये के ऋण हेतु एसबीआई शाखा चितरंगी में आवेदन किया था। आवेदन संबंधी दस्तावेज तैयार कराने में करीब 12 हजार रुपये खर्च हुए। आरोप है कि ऋण स्वीकृत कराने के बदले 20 प्रतिशत कमीशन यानी दो लाख रुपये मांगे गए। शिकायतकर्ता का दावा है कि 6 अक्टूबर को उसने अपने साथी नंदलाल साकेत की मौजूदगी में शाखा प्रबंधक को 50 हजार रुपये दिए। इसके बाद उसके साथ जातिसूचक अपमानजनक शब्दों का प्रयोग कर गाली-गलौज की गई। शिकायतकर्ता ने बताया कि थाना चितरंगी में भी आवेदन दिया, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। उसने एसडीओपी से आरोपों की जांच कर कथित रूप से दी गई राशि और संबंधित दस्तावेजों की पड़ताल कर उचित वैधानिक कार्रवाई की मांग की है। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
