
राजगढ़। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में निकाली जा रही सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा के दसवें दिन गुरुवार को राजगढ़ जिले के लिम्बोदा गांव में भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में महिलाओं ने सिर पर मंगल कलश धारण कर पारंपरिक कलश यात्रा निकाली। आसपास के गांवों के ग्रामीणों ने भी उत्साहपूर्वक भागीदारी की।
कलश यात्रा के बाद आयोजित जनसभा में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। सभा को संबोधित करते हुए दिग्विजय सिंह ने कथित तौर पर दान की चोरी और वोट की चोरी में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग दोहराई।
इस दौरान ग्रामीणों ने दिग्विजय सिंह पर पुष्पवर्षा कर यात्रा का स्वागत किया। पूरा वातावरण धार्मिक उत्साह और श्रद्धा से सराबोर रहा।
दिग्विजय सिंह ने कहा कि सनातन धर्म के मूल तत्व प्रेम, सत्य, सद्भाव, करुणा और दया हैं। सभी धर्मों के प्रति सम्मान और आपसी भाईचारा सनातन परंपरा की पहचान है, जबकि नफरत और धार्मिक असहिष्णुता का इसमें कोई स्थान नहीं है।
उन्होंने राम मंदिर निर्माण के लिए एकत्रित दान, विशेषकर सोने और चांदी की ईंटों के रूप में प्राप्त योगदान का हिसाब सार्वजनिक करने तथा कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराने की मांग भी उठाई।
यात्रा गुरुवार को खुजनेर से प्रारंभ होकर चौड़ापुरा, मावासा जोड़ और खिमाखेड़ी होते हुए लिम्बोदा पहुंची। यहां विश्राम के बाद यात्रा चाटूखेड़ा, कालपोनी और चौंसला जोड़ होते हुए आगे बढ़ेगी। रात्रि विश्राम करेडी गांव स्थित श्री मनकामनेश्वर परिसर में निर्धारित है।
