नयी दिल्ली, 29 सितंबर (वार्ता) बैंकों में पांच दिन के कार्य सप्ताह पर विचार के लिए इंडियन बैंक एसोसिएशन (आईबीए) और यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (यूएफबीयू) की संयुक्त समिति का गठन कर दिया गया है। बैंकों के संगठन आईबीए ने मंगलवार को 12 सदस्यीय समिति के नामों की घोषणा की। इसमें पांच सदस्य आईबीए के और सात यूएफबीयू के होंगे। समिति में यूएफबीयू के तहत काम करने वाले सभी सात संगठनों को प्रतिनिधित्व दिया गया है।
फोरम ने बैंकों में रविवार के साथ हर शनिवार अवकाश की मांग को लेकर 11 सितंबर को एक दिन की हड़ताल की थी। हड़ताल काफी सफल रही थी, विशेष रूप से सार्वजनिक बैंकों में कामकाज लगभग पूरी तरह ठप रहा था। इसके बाद 28 सितंबर से तीन की हड़ताल प्रस्तावित थी, लेकिन 27 सितंबर की देर रात आईबीए और यूएफबीए के प्रतिनिधियों के बीच हुई एक बैठक में “सहमति बन जाने” के बाद हड़ताल टाल दी गई थी। उसी बैठक में तय हुआ था कि इस मुद्दे को लेकर एक समिति का गठन किया जाएगा। बैंकों में फिलहाल रविवार के साथ हर महीने के दूसरे और चौथे शनिवार को अवकाश होता है।
यूएफबीयू में एआईबीईए (अखिल भारतीय बैंक कर्मचारी संघ), एआईबीओसी (अखिल भारतीय बैंक अधिकारी परिसंघ), एनसीबीई (राष्ट्रीय बैंक कर्मचारी परिसंघ), एआईबीओए (अखिल भारतीय बैंक कर्मचारी संघ), बीईएफआई (भारतीय बैंक कर्मचारी महासंघ), आईएनबीईएफ (भारतीय राष्ट्रीय बैंक कर्मचारी महासंघ) और आईएनबीओसी (भारतीय राष्ट्रीय बैंक अधिकारी कांग्रेस) शामिल हैं।
समिति की अध्यक्षता बैंक ऑफ इंडिया के प्रबंध निदेशक (एमडी) एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) रजनीश कर्नाटक को बनाया गया है। पंजाब नेशनल बैंक के प्रबंध निदेशक (एमडी) एवं सीईओ अशोक चंद्रा वैकल्पिक अध्यक्ष होंगे। आईबीए की तरफ से समिति के सदस्यों में इंडियन बैंक के एमडी एवं सीईओ विनोद कुमार, आईडीबीआई बैंक के एमडी एवं सीईओ राकेश शर्मा और भारतीय स्टेट बैंक के उप-प्रबंध निदेशक जी.एस. राणा शामिल हैं।
यूएफबीयू का प्रतिनिधित्व सातों संगठनों महासचिव कर रहे हैं। एआईबीईए की तरफ से सीएच वेंकटचलम, एआईबीओसी की तरफ से रूपम रॉय, एनसीबीई की तरफ से एल. चंद्रशेखर और एआईबीओए की तरफ से संजय खान को समिति में जगह दी गई है। बीईएफआई का प्रतिनिधित्व देबाशीष बी. चौधरी, आईएनबीओसी का प्रेम मक्कड़ और आईएनबीईएफ का प्रतिनिधित्व ओ.पी. शर्मा कर रहे हैं। समिति बैंकों में पांच दिन का कार्य सप्ताह लागू करने के लिए विभिन्न हितधारकों के साथ विचार-विमर्श करेगी। इनमें ग्राहक भी शामिल होंगे। इसके बाद समिति अपनी रिपोर्ट और अनुशंसाएं सौंपेगी। बीकेएसएम के महासचिव विनोद निकम आमंत्रित सदस्य के रूप में समिति की बैठकों में हिस्सा लेंगे।

