नयी दिल्ली, 28 सितंबर (वार्ता) वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल जी20 समूह के व्यापार मंत्रियों की बैठक में शामिल होने के लिए अमेरिका जा रहे हैं जहां वह अमेरिका सहित विभिन्न देशों के व्यापार प्रतिनिधियों के साथ द्विपक्षीय बैठकें में हिस्सा लेंगे।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के अनुसार अमेरिकी व्यापार राजदूत (यूएसटीआर) के निमंत्रण पर जी20 की दो दिन की यह बैठक 30 सितंबर और पहली अक्टूबर को मिल्वौकी (विस्कांसिन) में होगी। श्री गोयल शिकागो और न्यूयॉर्क शहर भी जाएंगे और अमेरिकी उद्योग जगत के नेताओं, निवेशकों और स्टार्टअप समुदाय के साथ बातचीत करेंगे।
सरकार ने कहा है कि भारत सभी जी20 सदस्यों के साथ रचनात्मक रूप से सम्पर्क स्थापित करेगा और एक ऐसे बहुपक्षीय व्यापार तंत्र की दिशा में काम करेगा जो नियमों पर आधारित, खुला, समावेशी, पारदर्शी, निष्पक्ष और भेदभाव-रहित हो, और जिसके केंद्र में विश्व व्यापार संगठन (डल्यूटीओ) हो। इसके साथ ही भारत यह भी चाहता है कि वैश्विक व्यापार व्यवस्था में विकासशील देशों के लिए पर्याप्त नीतिगत गुंजाइश भी सुनिश्चित की जाएगी।
श्री गोयल द्विपक्षीय बैठकों में किसानों, मछुआरों, महिला उद्यमियों, स्टार्टअप्स, एमएसएमई और अन्य उद्यमों के लिए अवसरों को बढ़ाने पर बल देंगे। वाणिज्य मंत्रालय ने कहा कि श्री गोयल इस यात्रा में अमेरिका के व्यापार मंत्री के साथ द्विपक्षीय बातचीत भी करेंगे। यह बातचीत एक संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभकारी भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) को आगे बढ़ाने और इस पर 7 फरवरी 2026 के जारी संयुक्त बयान के अनुरूप एक अंतरिम समझौते को अंतिम रूप देने के चल रहे प्रयासों का हिस्सा होगी।
मिल्वौकी और शिकागो में, श्री गोयल मैन्युफैक्चरिंग, कंज्यूमर गुड्स, एग्री-बिज़नेस, रिटेल और टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों की प्रमुख अमेरिकी कंपनियों के मुख्य अधिकारियों से मिलेंगे और बिज़नेस, स्टार्टअप और इनोवेटिव कंपनियों के साथ गोल मेज चर्चाओं में हिस्सा लेंगे। वह विनिर्माण और निवेश के केंद्र के तौर पर भारत में मौजूद अवसरों के बारे में जानकारी देंगे और अमेरिकी कंपनियों को भारतीय कंपनियों के साथ अपनी साझेदारी को और मज़बूत करने के लिए आमंत्रित करेंगे।
वह शिकागो में महात्मा गांधी और स्वामी विवेकानंद को पुष्पांजलि अर्पित करेंगे और भारतीय समुदाय का प्रतिनिधित्व करने वाले पेशेवर संगठनों के साथ भी बातचीत करेंगे।
