नेपाल में हिमलुंग हिमाल आधार शिविर पर हिमस्खलन, छह लापता

काठमांडू, 27 सितंबर (वार्ता) नेपाल में हिमलुंग हिमाल के आधार शिविर में हिमस्खलन होने से कम से कम छह नेपाली सहायक कर्मचारी लापता हो गये हैं।

आयोजकों ने रविवार को बताया कि घटना के समय पर्वतारोही और अभियान दल के कर्मचारी एक पर्वतारोहण अभियान की तैयारियों में जुटे थे।

शेरपा और रसोई कर्मचारी एक अक्टूबर को संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से आने वाले पर्वतारोही दल के लिए 7,126 मीटर ऊंचे पर्वत पर रस्सियां बांधने और तंबू लगाने का काम कर रहे थे, तभी पहाड़ की ढलान से बर्फ और चट्टानों का भीषण सैलाब नीचे आ गिरा।

सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, अभियान का आयोजन करने वाली कंपनी ‘हिमालयन हॉलीडेज’ के महाप्रबंधक बरुण भंडारी ने बताया कि आधार शिविर पर मौजूद कम से कम छह नेपाली लापता हैं।

सीएनएन ने भंडारी के हवाले से कहा, ” हमें आज सुबह सूचना मिली कि हमारे क्रू के छह या सात सदस्य लापता हैं, लेकिन हम अभी सटीक संख्या की पुष्टि करने की प्रक्रिया में हैं।”

उन्होंने कहा, ” हम इस घटना से बेहद स्तब्ध हैं।” उन्होंने बताया कि यह पहली बार है, जब इस विशिष्ट क्षेत्र में इतने बड़े पैमाने पर हिमस्खलन हुआ है।”

इस पर्वत पर अभियान संचालित करने वाली एक अन्य कंपनी के प्रमुख एवं प्रसिद्ध पर्वतारोही मिग्मा ग्याल्जे शेरपा ने बताया कि लापता लोगों में उनकी कंपनी के रसोई स्टाफ के दो सदस्य भी शामिल हैं।

भंडारी ने बताया कि कंपनी लापता लोगों की सटीक संख्या की पुष्टि के लिए नेपाल के पर्यटन अधिकारियों के साथ समन्वय कर रही है और आधार शिविर में बचाव हेलीकॉप्टर भेजने की व्यवस्था की जा रही है।

इस दुर्गम पर्वतीय क्षेत्र में हालांकि जबरदस्त बारिश और सीमित संचार सुविधाओं के कारण बचाव कार्यों में बाधा आ रही है।

भंडारी ने बताया कि शेरपा, रसोई कर्मचारियों और अन्य क्रू सदस्यों की यह टीम भोजन और पर्वतारोहण के उपकरण लेकर 18 सितंबर को सुरक्षित आधार शिविर पहुंच गयी थी।

उन्होंने कहा, “वे वहां तंबू लगाने, चढ़ाई के लिए रस्सियां बांधने, पहाड़ पर मौसम और स्थितियों की निगरानी करने तथा रसोई स्थापित करने का काम कर रहे थे।”

यह हिमस्खलन नेपाल के विभिन्न हिस्सों में जारी गंभीर मौसम संबंधी चेतावनियों के बीच हुआ है। ‘नेशनल ट्रस्ट फॉर नेचर कंजर्वेशन’ ने भारी बारिश के कारण 24 से 26 सितंबर तक अन्नपूर्णा और मनासलू संरक्षण क्षेत्रों के प्रवेश परमिट निलंबित कर दिये थे। हिमलुंग हिमाल चीन सीमा के पास हिमालयी क्षेत्र में स्थित है। यह घटना नेपाल-चीन सीमा के समीप ग्लेशियर टूटने और भूस्खलन से आयी भीषण बाढ़ त्रासदी के कुछ ही हफ्तों बाद हुई है, जिसमें कम से कम 1,300 लोगों की जान चली गयी थी और 5,000 से अधिक लोग लापता हो गये थे।

 

Next Post

सेकेंड थॉमस शोअल विवाद: अमेरिका ने चीन के 'खतरनाक' रवैये की निंदा की, फिलीपींस का किया समर्थन

Sun Sep 27 , 2026
मनीला, 27 सितंबर (वार्ता) अमेरिका ने रविवार को दक्षिण चीन सागर के सेकेंड थॉमस शोअल में फिलीपींस को नियमित आपूर्ति मिशन को रोकने और चीनी नौसेना तथा तटरक्षक जहाजों के कथित “खतरनाक और गैर-जिम्मेदाराना रवैये” की कड़े शब्दों में निंदा की है। फिलीपींस में अमेरिकी राजदूत ली लिपटन ने एक […]

You May Like