
रीवा। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के आदिवासी विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. विक्रान्त भूरिया ने रीवा से भोपाल जाते समय दो टूक शब्दों में कहा कि यह न्याय सत्याग्रह एक दिन का सत्याग्रह नही है बल्कि यह अनवरत चलने वाला आंदोलन है, यह अकेला रीवा संभाग का सत्याग्रह नहीं है वरन् पूरे प्रदेश का है। अब यह न्याय सत्याग्रह छिंदवाड़ा, बालाघाट, सहित प्रदेश के हर संभाग में सरकार की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था के खिलाफ किये जाएंगे जब तक कि स्वास्थ्य मंत्री का इस्तीफा नहीं हो जाता। यदि इतने पर भी इस्तीफा नहीं देते तो कांग्रेस पार्टी मुख्यमंत्री मोहन यादव के निवास का घेराव कर इस्तीफा की मांग करेगी।
न्याय सत्याग्रह के आयोजक जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण अध्यक्ष इंजी. राजेन्द्र शर्मा ने कहा कि यह आंदोलन किसी व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं है वरन् जिले की लचर स्वास्थ्य व्यवस्था एवं आएदिन हो रही अकाल मौतों को न संभाल पाने में विफल स्वास्थ्य मंत्री के विरूद्ध है जिनको नैतिकता के आधार पर स्वयं इस्तीफा दे देना चाहिए। स्वास्थ्य मंत्री का गृह जिला होने के कारण इस न्याय सत्याग्रह की शुरुआत रीवा से की गई। उनके इस्तीफा न देने की स्थिति में यदि मुख्यमंत्री मोहन यादव उनसे इस्तीफा नहीं लेते और आम जन के स्वास्थ्य की परवाह की अनदेखी करते है तो जिले की जनता उन्हें कड़ा सबक सिखाएगी।
