
भीष्म पितामह की भूमिका निभाने वाले मुकेश खन्ना ने कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि दशकों पहले निभाया गया किरदार आज भी लोगों की बातचीत का हिस्सा रहेगा। उन्होंने बताया कि उन्हें पहले दुर्योधन की भूमिका की पेशकश हुई थी, लेकिन वह अर्जुन या कर्ण का किरदार निभाना चाहते थे और अंततः उन्हें भीष्म पितामह की भूमिका मिली। उन्होंने कहा कि इस फैसले ने उनकी जिंदगी बदल दी।
श्री खन्ना ने कहा कि ‘महाभारत’ केवल टेलीविजन शो नहीं रहा, बल्कि इसके किरदार लोगों की जिंदगी का हिस्सा बन गए थे। उन्होंने शेमारू टीवी पर इसके प्रसारण को लेकर खुशी जताते हुए कहा कि दर्शकों को अविस्मरणीय यादों को फिर से जीने का अवसर मिलेगा। युधिष्ठिर की भूमिका निभाने वाले गजेंद्र चौहान ने कहा कि इस किरदार की मौजूदगी कहानी में हमेशा महत्वपूर्ण रही। उन्होंने कहा कि शेमारू टीवी पर ‘महाभारत’ की वापसी उनके लिए उन किरदारों और यादों की वापसी भी है, जिन्हें दर्शकों ने वर्षों से अपने दिल में संजोकर रखा है।
