बैढ़न में रेत के कारोबार ने पकड़ा जोर

सिंगरौली। कोतवाली क्षेत्र में एक बार फिर से अवैध रेत कारोबारियों को पुलिस कर्मी का संरक्षण मिला है। आरोप है कि पुलिस अधिकारियों को अंधेरे में रख कर अवैध रेत कारोबारियों को छूट दे रखा है। जहां आज बुधवार को देवरा से अल सुबह गनियारी मार्ग में आधा दर्जन ट्रैक्टर अवैध रेत के परिवहन कार्य में लगे हुये थे। दरअसल यहां के कोतवाल अवकाश पर चले गये, तब से अवैध रेत कारोबारियों को छूट मिली थी। कोतवाली बैढ़न में पदस्थ ऐसे कई चर्चित पुलिस कर्मी हैं, जिनके इशारे पर खुलेआम अवैध कारोबार होता रहता है। सूत्र तो यहां बताते हैं कि कथित पुलिस कर्मी के आगे कोतवाल की भी नही चलती थी। आलम यह है कि दो दिन पूर्व पुलिस अधीक्षक ने डीएसपी अशोक सिंह परिहार को कोतवाली के निरीक्षण प्रभार से हटाकर अजाक थाना का डीएसपी बना दिया गया और नये कोतवाल के रूप में अभिमन्यु द्विवेदी निरीक्षक को प्रभारी बनाया गया। चर्चाएं हैं कि नवागत बैढ़न कोतवाली टीआई बाहर थे और इधर कोतवाली के पुलिस कर्मी अवैध कारोबारियों को खुली छूट दे रखी है।

सूत्रों की बात यदि माने तो आज बुधवार की अल सुबह से लेकर देर शाम तक देवरा-गनियारी मार्ग में दिन दहाड़े आधा दर्जन ट्रैक्टर रेत के अवैध परिवहन कार्य में लगे हुये थे। चर्चाएं हैं कि कथित पुलिस कर्मी पूरे दिन निगरानी कर रहा था। एक ट्रैक्टर से पॉच-पॉच हजार रूपये फिक्स कर रखा था, यह पुलिस कर्मी कौन है, जांच के बाद ही पता चल पाएगा। कथित ईमानदार पुलिस कर्मी की यही मंशा रही होगी कि जब तक नवागत कोतवाली टीआई पदभार ग्रहण नही कर लेते तब तक अवैध कारोबारियों से अतिरिक्त कमाई-धमाई कर ली जाए और करीब-करीब उसकी योजना सफल रही। प्रबुद्धजनों ने देवरा-गनियारी मार्ग के घरों में आसपास लगे सीसीटीव्ही कैमरों से जांच करा दी जाए तो कथित पुलिस कर्मी के काले कारनामो का भंडाफोड़ हो सकता है।

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