
सीधी। जिले में पिछले एक माह से लगातार हो रही बारिश और अतिवृष्टि ने गरीब परिवारों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में कई कच्चे और पक्के मकान क्षतिग्रस्त होकर गिर गए हैं, जबकि अनेक घरों में पानी भरने से लोगों का घरेलू सामान बर्बाद हो गया है। मकानों के क्षतिग्रस्त होने के साथ ही प्रभावित परिवारों की आजीविका भी बुरी तरह प्रभावित हुई है। ऐसे परिवारों के सामने रहने और दो वक्त की रोटी का संकट खड़ा हो गया है।
जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ज्ञान सिंह ने ग्राम उपनी, ग्राम कुचवाही, जनकपुर,शैरपुर, हड़बड़ो, कोठार, भमरहा, पिपरोहर एवं कोठार सहित क्षेत्र का भ्रमण कर बारिश से प्रभावित परिवारों और क्षतिग्रस्त मकानों की वास्तविक स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने प्रभावित लोगों से मुलाकात कर उन्हें भरोसा दिलाया कि उनकी समस्याओं और मांगों को जिला प्रशासन के समक्ष मजबूती से रखा जाएगा।
ज्ञान सिंह ने कहा कि प्राकृतिक आपदा ने गरीबों से उनका आशियाना छीन लिया है, ऐसे समय में सरकार और प्रशासन का सबसे पहला दायित्व पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा होना है। लेकिन दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति यह है कि अब तक प्रभावित गरीब परिवारों को तत्काल राहत के नाम पर एक रुपए की भी सहायता नहीं मिल पाई है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन की संवेदनहीनता के कारण आपदा से पीड़ित लोग अपने हाल पर छोड़ दिए गए हैं।
श्री सिंह ने जिला प्रशासन से मांग की कि किसी गरीब के आवेदन या शिकायत का इंतजार किए बिना प्रत्येक ग्राम पंचायत स्तर पर अथवा पटवारी हल्का स्तर पर संबंधित पटवारी के माध्यम से अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त मकानों और प्रभावित परिवारों की जानकारी तत्काल एकत्र कराई जाए। प्रत्येक गांव में सर्वे कर वास्तविक क्षति का पंचनामा तैयार किया जाए और उसकी रिपोर्ट जिला प्रशासन को भेजकर प्रभावित परिवारों को बिना अनावश्यक देरी के आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाए।
ज्ञान सिंह ने कहा कि जिन परिवारों के मकान गिर गए हैं, उनके सामने केवल छत का संकट नहीं है, बल्कि घर के सामान, अनाज, रोजगार और रोजमर्रा की आजीविका के साधन प्रभावित होने से आर्थिक संकट भी गहरा गया है। ऐसे परिवारों को तत्काल राहत राशि के साथ आवश्यक खाद्यान्न और अन्य जरूरी सहायता उपलब्ध कराना सरकार की जिम्मेदारी है।
उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रशासन ने अतिवृष्टि प्रभावित परिवारों का तत्काल सर्वे कराकर उन्हें राहत और आर्थिक सहायता उपलब्ध नहीं कराई तो कांग्रेस पार्टी प्रभावित लोगों की आवाज को लेकर सड़क पर उतरने के लिए मजबूर होगी। गरीबों के टूटे घरों और उजड़ी आजीविका को सरकारी कागजों और आश्वासनों के भरोसे नहीं छोड़ा जा सकता।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस पार्टी इस संकट की घड़ी में प्रभावित परिवारों के साथ खड़ी है और जब तक पीड़ित लोगों को उनका हक और उचित राहत नहीं मिलती, तब तक उनकी आवाज प्रशासन और सरकार तक पहुंचाती रहेगी।
