सतना: मध्यप्रदेश कृषि विभाग में कार्यरत कृषि विस्तार अधिकारियों की लंबित मांगों को लेकर आंदोलन जारी है। शासन स्तर से मांगों पर अब तक ठोस निर्णय नहीं होने से नाराज सतना जिले के कृषि विस्तार अधिकारी भी 20 अगस्त को प्रदेश के अन्य जिलों के अधिकारियों के साथ भोपाल के लिए कूच कर दी है।
तीन प्रमुख मांगों को लेकर आंदोलन
कृषि विस्तार अधिकारियों की प्रमुख मांगों में eHRMS प्रणाली में अनिवार्य e-Attendance समाप्त करना, 2400 के स्थान पर 2800 ग्रेड पे प्रदान करना तथा अतिरिक्त केंद्र भत्ते को ₹500 से बढ़ाकर ₹5,000 प्रतिमाह करना शामिल है।
संगठन का कहना है कि कृषि विस्तार अधिकारियों का अधिकांश कार्य मैदानी स्तर पर होता है। उन्हें किसानों की समस्याओं के समाधान, कृषि योजनाओं के क्रियान्वयन और नई कृषि तकनीकों के प्रचार-प्रसार के लिए लगातार गांवों और दूरस्थ क्षेत्रों में भ्रमण करना पड़ता है। ऐसे में अनिवार्य ऑनलाइन उपस्थिति व्यवस्था व्यावहारिक कठिनाइयां पैदा कर रही है।
अतिरिक्त जिम्मेदारी के बदले बढ़े भत्ते की मांग
अधिकारियों का कहना है कि अतिरिक्त केंद्रों का प्रभार संभालने वाले कर्मचारियों पर नियमित कार्य के साथ अतिरिक्त क्षेत्र की जिम्मेदारी भी रहती है। इसके बावजूद वर्तमान में केवल ₹500 प्रतिमाह भत्ता दिया जा रहा है, जिसे संगठन ने बढ़ाकर ₹5,000 करने की मांग की है।
संगठन के अनुसार, शासन को 20 अगस्त तक मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेने की अपेक्षा जताई गई थी, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं हुआ है। इसके बाद सतना सहित प्रदेशभर के कृषि विस्तार अधिकारी 21 अगस्त को भोपाल पहुंचकर शासन के समक्ष अपनी मांगें रखेंगे।
संगठन ने मांगों के शीघ्र निराकरण की अपील करते हुए कहा कि इससे मैदानी स्तर पर कार्यरत अधिकारियों का मनोबल बढ़ेगा और किसानों तक शासन की योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सकेगा।
