
मंडला। विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय नारायणगंज में पदस्थ लिपिक नोखेलाल बेलिया को गुरुवार, 13 अगस्त को जबलपुर लोकायुक्त की टीम ने 5 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। कार्रवाई के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप की स्थिति निर्मित हो गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कन्या आश्रम सिवनी माल, नारायणगंज में भृत्य के पद पर पदस्थ शिकायतकर्ता दशरथ लाल बरमैया ने लोकायुक्त कार्यालय जबलपुर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि उनके जीपीएफ खाते से एक लाख रुपये की राशि निकालने के एवज में विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में पदस्थ लिपिक नोखेलाल बेलिया द्वारा 10 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही है।
शिकायत प्राप्त होने के बाद लोकायुक्त पुलिस जबलपुर ने मामले का सत्यापन कराया। शिकायत सही पाए जाने पर लोकायुक्त टीम ने रिश्वत लेते आरोपी को पकड़ने की योजना बनाई। योजना के अनुसार शिकायतकर्ता ने रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 5 हजार रुपये लिपिक को दिए। इसी दौरान मौके पर मौजूद लोकायुक्त टीम ने लिपिक नोखेलाल बेलिया को रिश्वत की राशि लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया।
कार्रवाई लोकायुक्त जबलपुर की उप निरीक्षक रेखा प्रजापति के नेतृत्व में गठित टीम द्वारा की गई। आरोपी लिपिक के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
लोकायुक्त की इस कार्रवाई के बाद विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय सहित शिक्षा विभाग में मामले को लेकर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
