मुंबई, 19 जुलाई (वार्ता) वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने भारतीय उद्योग जगत से अपील की है कि वे हाल में भारत की और से दूसरे देशों के साथ किए गए मुक्त व्यापार समझौतों (विभिन्न एफटीए) से उत्पन्न विशाल वैश्विक अवसरों का लाभ उठाने का पूरा प्रयास करें।
उन्होंने भारतीय उद्योगों से अपने उत्पाद की गुणवत्ता को वैश्विक स्तर का रखने और अंतर्राष्ट्रीय बाजार में अपनी प्रतिस्पर्धा क्षमता बढ़ाने का भी अनुरोध किया।
श्री गोयल मुंबई में उद्योग मंडल एसोचैम की ओर से आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे । कार्यक्रम का विषय था ‘वैश्विक स्तर पर प्रभाव पैदा करते हुए – एक विकसित भारत के लक्ष्य की ओर’। कार्यक्रम में एसोचैम की प्रबंध समिति और संगठन के वरिष्ठ सदस्यों ने भाग लिया।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री ने सोशल मीडिया पर इस कार्यक्रम के बारे में एक टिप्पणी में लिखा, ‘… मैंने उद्योग जगत से भारत के हालिया मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) द्वारा खोले गए विशाल वैश्विक अवसरों का लाभ उठाने का आग्रह किया। साथ ही हमारी वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता को और बढ़ाने में गुणवत्ता के महत्व पर भी ज़ोर दिया।’
उल्लेेखनीय है कि भारत ने हाल के दौर में आस्ट्रेलिया, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और यूराेपीय मुक्त व्यापार संघ (ईएफटीए) के साथ व्यापार समझौते किए हैं। आस्ट्रेलिया के साथ आर्थिक सहयोग और व्यापार समझौता (एक्टा) 2022 के अंत में हुआ था जबकि यूएई के साथ पिछले वर्ष मार्च में हुआ। ईएफटीए के साथ व्यापारिक एवं आर्थिक भागीदारी का समझौता (टीईपीए) पर हस्ताक्षर इस वर्ष मार्च में किए गए। ईएफटीए में स्विट्जरलैंड, आइसलैंड, नॉर्वे और लिख़टैंस्टीन-चार यूरोपीय देश शामिल हैं जो यूरोपीय संघ से बाहर के हैं।
भारत यूरोपीय संघ, ब्रिटेन, अमेरिका, मेरकॉसूर दक्षिणी अमेरिकी साझा बाजार के साथ भी व्यापार समझौता वार्ता कर रहा है। इसमें अर्जेंटिना, ब्राजील, पराग्वे और उरुग्वे शामिल है। इसमें पहले बोलीविया और वेनेजुएला भी थे जो अभी निलंंबित हैंं।
भारत का अंतर्राष्ट्रीय वस्तु एवं सेवा व्यापार हाल में तेजी से बढ़ा है और पिछले वित्त वर्ष में भारत का समग्र निर्यात 825 अरब डालर के स्तर पर पहुंच गया था जो सालाना आधार पर छह प्रतिशत की वृद्धि दर्शाता है।

