
सिंगरौली। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की पेयजल योजनाओं में लागत बढ़ोतरी को लेकर आप ने अब मोर्चा खोल दिया है। चितरंगी और देवसर विकासखंड की नौ ग्राम पंचायतों में रेट्रोफिटिंग एवं पाइपलाइन कार्यों की मूल स्वीकृत राशि 6.04 करोड़ रुपये से बढ़कर 25.27 करोड़ रुपये किए जाने को लेकर आम आदमी पार्टी ने गंभीर वित्तीय अनियमितता के आरोप लगाए हैं।
आप का दावा है कि करीब 19.23 करोड़ रुपये की लागत वृद्धि का स्पष्ट तकनीकी औचित्य सामने नहीं आया है। रविवार को एनटीपीसी रेस्ट हाउस में जिले के प्रवास पर पहुंचे प्रभारी मंत्री को आप के प्रदेश सचिव राजेश सोनी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की उच्च स्तरीय तकनीकी एवं वित्तीय जांच कराने की मांग की। राजेश सोनी ने प्रभारी मंत्री को भी सवालों के घेरे में लेते हुए कहा कि जिस विभाग की जिम्मेदारी मंत्री के पास है। राजेश सोनी ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग सिंगरौली के कार्यपालन यंत्री की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि अधिकारियों और ठेकेदारों की मिलीभगत से योजनाओं की लागत में असामान्य वृद्धि की गई।
कार्यपालन यंत्री पर कार्रवाई नही हुई तो आंदोलन की चेतावनी
उन्होंने कहा कि खैरा और नौगई द्वितीय-पराई सहित कई पंचायतों में छ: वर्ष पहले बिछाई गई पाइपलाइन के बावजूद दोबारा नई पाइपलाइन बिछाने का काम किया जा रहा है। उनका सवाल है कि पहले से मौजूद सरकारी पाइपलाइन को हटाने के बाद उसका हिसाब-किताब कहां है और पुरानी सामग्री का क्या हुआ? आप नेता ने यह भी आरोप लगाया कि कई पंचायतों में बिना वैध बैंक गारंटी अथवा एफडी के एजेंसियों को करोड़ों रुपये के काम आवंटित किए गए। पार्टी ने पूरे मामले का स्वतंत्र तकनीकी ऑडिट कराने तथा दोषी अधिकारियों और संबंधित एजेंसियों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की मांग की है, अन्यथा 15 दिनों बाद आंदोलन की चेतावनी दी है।
