इंदौर: खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने विशेष अभियान के तहत इंदौर में बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 1.50 करोड़ रुपये मूल्य के 25 हजार लीटर गोवर्धन ब्रांड घी के विक्रय पर रोक लगा दी है. विभिन्न प्रतिष्ठानों से 30 से अधिक खाद्य नमूने जांच के लिए राज्य एवं केंद्रीय प्रयोगशालाओं में भेजे गए हैं.
आयुक्त खाद्य सुरक्षा, मध्यप्रदेश के निर्देश पर दूध एवं दुग्ध उत्पादों की गुणवत्ता जांच के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने पराग मिल्क फूड्स लिमिटेड के ए.बी. रोड स्थित डिपो का निरीक्षण किया. जांच के दौरान गोवर्धन ब्रांड घी के विभिन्न पैक आकारों के 20 नमूने लिए गए। एफएसएसएआई की टीम की मौजूदगी में करीब 25 हजार लीटर घी की बिक्री जांच पूरी होने तक रोक दी गई. इसके अलावा भावण्या इंटरप्राइजेज से गोपीश्री ब्रांड घी के चार नमूने लिए गए तथा लगभग 312 लीटर घी, जिसकी कीमत करीब 1.35 लाख रुपये है, जांच रिपोर्ट आने तक जब्त कर लिया गया. एक शिकायत पर विजयनगर स्थित एक रेस्टोरेंट का निरीक्षण किया गया, जहां रसोई में स्वच्छता मानकों का पालन नहीं मिलने पर सुधार सूचना जारी की गई. यहां से पनीर, दही और मसालों के नमूने जांच के लिए भेजे गए.
जांच रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई
महू में शिकायत के आधार पर की गई कार्रवाई में बेसन, मिठाई, शक्कर और नमकीन के छह नमूने लिए गए. सभी नमूनों को परीक्षण के लिए प्रयोगशालाओं में भेज दिया गया है. अधिकारियों ने बताया कि जांच रिपोर्ट के आधार पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत संबंधित प्रतिष्ठानों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की जाएगी.
