वाशिंगटन, 28 जुलाई (वार्ता) अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि ईरान के साथ अमेरिका की हालिया बातचीत सकारात्मक रही है और इसमें लगातार प्रगति हो रही है। उन्होंने हालांकि चेतावनी दी कि यदि ईरान अपने परमाणु कार्यक्रम को लेकर किसी समझौते पर पहुंचने में विफल रहता है, तो अमेरिका दोबारा सैन्य कार्रवाई शुरू करेगा।
श्री ट्रंप ने फॉक्स न्यूज से बातचीत में कहा कि ईरानी अधिकारियों के साथ हुई बातचीत उत्साहजनक रही है, भले ही ईरान बातचीत के दायरे को कम करके दिखाने की कोशिश कर रहा हो।
श्री ट्रंप ने कहा, “हम एक बहुत अच्छी चर्चा के दौर में हो सकते हैं और वे बाहर आकर कहेंगे कि… ‘हमने परमाणु मुद्दे पर कोई बात नहीं की’। जबकि हम केवल इसी विषय पर चर्चा करते हैं, क्योंकि उनके पास कभी भी परमाणु हथियार नहीं होगा। वे इस बात को अच्छी तरह समझते हैं और हमारे बीच बहुत अच्छी बातचीत हुई है।”
अमेरिकी राष्ट्रपति की यह टिप्पणी ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य अभियानों के रुकने के बाद जारी कूटनीतिक प्रयासों के बीच आई है। मध्यस्थ देश इस सैन्य ठहराव को ‘होर्मुज जलडमरूमध्य’ और ईरान के परमाणु कार्यक्रम को कवर करने वाले एक व्यापक समझौते में बदलने की कोशिश कर रहे हैं।
श्री ट्रंप ने दोहराया कि यदि बातचीत विफल होती है तो अमेरिका सैन्य कार्रवाई फिर से शुरू करने के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा, “अगर वे समझौता नहीं करते हैं, तो मैं वापस जाऊंगा और काम पूरा करूंगा, लेकिन उन्हें (नुकसान से) दोबारा उबरने में सदियां लग जाएंगी।”
अमेरिकी राष्ट्रपति ने यह भी दावा किया कि हाल ही में चलाए गए सैन्य अभियान के दौरान अमेरिका ने ईरान को भारी नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा, “सच कहूं तो हमने उनमें से अधिकांश को नष्ट कर दिया है।”
पुलों और बिजली संयंत्रों सहित ईरान के नागरिक बुनियादी ढांचों पर बार-बार हमलों की धमकी देने के बावजूद श्री ट्रंप ने उम्मीद जताई कि उन्हें ऐसा कदम नहीं उठाना पड़ेगा। उन्होंने कहा, “यह एक बहुत ही नाजुक संतुलन है।”
श्री ट्रंप ने कहा, “इसलिए मुझे लगता है कि अभी हमारी स्थिति बहुत मजबूत है। वे जानते हैं कि अगर वे समझौता नहीं करेंगे, तो मैं वह कदम उठाऊंगा।”