जबलपुर:कुछ मिनट की जल्दबाजी किसी की पूरी जिंदगी छीन सकती है। शहर के कछपुरा रेलवे फाटक पर लोगों की लापरवाही लगातार जानलेवा साबित हो रही है। फाटक बंद होने के बावजूद दोपहिया वाहन चालक, ऑटो चालक और पैदल राहगीर अपनी जान जोखिम में डालकर रेलवे लाइन पार कर रहे हैं। कुछ मिनट बचाने की जल्दबाजी में लोग न केवल अपनी बल्कि दूसरों की जान भी खतरे में डाल रहे हैं।
यदि समय रहते इस पर सख्ती नहीं की गई तो यहां कभी भी बड़ा रेल हादसा हो सकता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि फाटक बंद होते ही कई वाहन चालक बैरिकेड के नीचे से या किनारे से निकलकर रेलवे ट्रैक पार करने लगते हैं। कई बार सामने से ट्रेन आने के बावजूद लोग जोखिम उठाते देखे गए हैं। यह स्थिति हर दिन देखने को मिलती है, लेकिन जिम्मेदार एजेंसियों द्वारा प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से लोगों के हौसले बढ़ते जा रहे हैं।रेलवे सुरक्षा नियमों के अनुसार रेलवे ट्रैक पर अनधिकृत रूप से प्रवेश करना दंडनीय अपराध है।
मौजूद है सजा का प्रावधान
बता दे कि रेलवे अधिनियम, 1989 की धारा 147 के तहत रेलवे परिसर या ट्रैक पर बिना वैध अनुमति प्रवेश करने पर जुर्माना, कारावास या दोनों का प्रावधान है। वहीं धारा 160 के अनुसार बंद रेलवे फाटक के गेट, बैरियर या चेन को खोलना अथवा तोड़ना गंभीर अपराध है, जिसके लिए तीन वर्ष तक की सजा तथा गेट या बैरियर तोड़ने की स्थिति में पांच वर्ष तक के कारावास का प्रावधान है।
मदन महल में हुआ था हादसा
यह पहला मौका नहीं है जब रेलवे लाइन पार करने की लापरवाही चिंता का विषय बनी हो। इससे पहले मदन महल रेलवे स्टेशन में भी रेल लाइन पार करने के दौरान दर्दनाक हादसा हो चुका है। इसके बावजूद लोग सबक लेने को तैयार नहीं हैं और रोजाना अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं। रेलवे और प्रशासन समय-समय पर लोगों से अपील करता है कि बंद रेलवे फाटक पर धैर्य रखें और फाटक खुलने का इंतजार करें, लेकिन जागरूकता की कमी और जल्दबाजी के कारण नियमों की खुलेआम अनदेखी की जा रही है। अब आवश्यकता है कि रेलवे सुरक्षा बल, जीआरपी और स्थानीय प्रशासन संयुक्त रूप से कछपुरा रेलवे फाटक पर अभियान चलाकर नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करे। साथ ही सीसीटीवी निगरानी बढ़ाई जाए और लगातार जनजागरूकता अभियान चलाए जाएं, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले लोगों को चेताया जा सके।
इनका कहना है
आरपीएफ द्वारा लगातार कछपुरा क्रॉसिंग की मॉनिटरिंग की जाती है। फाटक बंद रहने के बाद जितने भी आमजनो द्वारा रेल लाइन क्रॉस की जाती है, उन पर रेलवे अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाती है
राजीव खरब, पोस्ट प्रभारी, आरपीएफ
