वाशिंगटन, (वार्ता) अमेरिका ने कहा है कि उसने बुधवार को ईरान के दक्षिण-पूर्वी तट पर इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) के एक सर्विलांस टावर को नष्ट कर दिया है।
अमेरिका ने इस हमले का फुटेज भी जारी किया है। यह कदम होर्मुज जलडमरूमध्य पर ईरान की पकड़ को सैन्य रूप से कमजोर करने के उसके अभियान का हिस्सा है।
अमेरिका के सेंट्रल कमान (सेंटकॉम) सोशल मीडिया एक पर कहा कि अमेरिकी सेना ने चाबहार बंदरगाह शहर में ‘चाबहार शहीद कलंतरी पोर्ट’ सर्विलांस टावर को निशाना बनाया।
सेंटकॉम ने कहा, “16 जुलाई को अमेरिकी सेना ने सफलतापूर्वक ‘चाबहार शहीद कलंतरी पोर्ट’ सर्विलांस टावर को नष्ट कर दिया। यह टावर ईरान के ओमान की खाड़ी के तट पर बने समुद्री निगरानी नेटवर्क का हिस्सा था, जिसका इस्तेमाल दशकों से इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों पर नज़र रखने और उन्हें निशाना बनाने के लिए किया जा रहा था।”
अमेरिकी सेना ने कहा कि टावर के नष्ट होने से आईआरजीसी की उस क्षमता में कमी आएगी, जिससे वह इस रणनीतिक जलमार्ग से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों पर हमलों की निगरानी और समन्वय करता था।
सेंटकॉम ने कहा, “टावर के नष्ट होने से निर्दोष नागरिक क्रू सदस्यों पर हमलों का समन्वय करने की आईआरजीसी की क्षमता सीधे तौर पर कम हो जाती है।”
सेंटकॉम ने कहा, “इसके अलावा, यह हमला सभी जहाजों के लिए क्षेत्रीय जल में नेविगेशन की स्वतंत्रता की रक्षा करता है, सिवाय उन जहाजों के जो ईरान के खिलाफ चल रही अमेरिकी नौसैनिक नाकेबंदी का उल्लंघन करने की कोशिश कर रहे हैं।”
सेंटकॉम के अनुसार, यह केंद्र ईरान के ओमान की खाड़ी तट पर बने व्यापक समुद्री निगरानी नेटवर्क का हिस्सा था, जिसका इस्तेमाल होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों पर नज़र रखने के लिए किया जाता था।
यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब अमेरिका इस रणनीतिक शिपिंग लेन पर अपना प्रभाव मजबूत करने की लगातार कोशिश कर रहा है। यह इलाका दोनों देशों के बीच बढ़ते तनाव का केंद्र रहा है और वैश्विक ऊर्जा शिपमेंट के लिए दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण मार्गों में से एक बना हुआ है।
