
इंदौर. उज्जैन जिले के बड़नगर में 23 जून को हुई घटना की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) से कराने की मांग अब हाईकोर्ट पहुंच गई है. इस संबंध में दायर याचिका पर बुधवार को सुनवाई करते हुए मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने राज्य शासन को एक सप्ताह में अपना पक्ष रखने के निर्देश दिए हैं.
याचिकाकर्ता सुमित हार्डिया की ओर से अधिवक्ता जयेश गुरनानी ने अदालत में कहा कि बड़नगर की घटना राष्ट्रीय जांच एजेंसी अधिनियम, 2008 में वर्णित अनुसूचित अपराध की श्रेणी में आती है. ऐसे मामलों की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी द्वारा की जानी चाहिए, इसलिए प्रकरण की जांच भी उसी एजेंसी को सौंपी जाए. राज्य शासन की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता राहुल सेठी ने मामले में शासन से निर्देश प्राप्त करने के लिए समय मांगा. इस पर न्यायालय ने एक सप्ताह का समय देते हुए अगली सुनवाई अगले सप्ताह निर्धारित की है. खंडपीठ ने फिलहाल जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी को सौंपने संबंधी कोई आदेश नहीं दिया है. मामले में शासन का पक्ष आने के बाद अगली सुनवाई में इस मांग पर विचार किया जाएगा.
