
सौसर, सौसर विधानसभा क्षेत्र के विधायक विजय चौरे के स्वेच्छानुदान राशि वितरण में कथित गड़बड़ी का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। इस मामले की उच्च स्तरीय जांच के लिए आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ जबलपुर की टीम आज अचानक सौसर पहुंची। EOW की टीम ने नगर पालिका कार्यालय को अपना जांच केंद्र बनाते हुए संबंधित लोगों के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
*शिकायत के आधार पर हो रही जांच*
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सत्ताधारी दल के स्थानीय नेताओं ने विधायक विजय चौरे पर स्वेच्छानुदान की राशि के आबंटन में वित्तीय अनियमितता और घोटाले के गंभीर आरोप लगाए थे। इस संबंध में EOW जबलपुर को एक लिखित शिकायत सौंपी गई थी। इसी शिकायत को आधार बनाते हुए EOW की टीम मामले की जमीनी हकीकत खंगालने सौसर पहुंची है।
*व्यापारियों और विधायक के PA से पूछताछ*
EOW की टीम ने नगर पालिका कार्यालय में डेरा डालकर उन तमाम लोगों को तलब किया, जिन्हें विधायक स्वेच्छानुदान की राशि जारी की गई थी। जांच टीम द्वारा इन सभी हितग्राहियों के सिलसिलेवार बयान दर्ज किए जा रहे हैं।
विशेष बात यह है कि इस जांच के दायरे में शहर के कई किराना, सीमेंट व अन्य क्षेत्रों के बड़े व्यापारी भी आए हैं, जिनके बैंक खातों या व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के नाम पर राशि ट्रांसफर होने की बात सामने आ रही है। इसके साथ ही मामले की कड़ियों को जोड़ने के लिए EOW की टीम विधायक के निजी सचिव से भी गहन पूछताछ कर रही है और उनके भी बयान दर्ज किए गए हैं।
*दस्तावेजों को खंगाल रही टीम*
फिलहाल नगर पालिका कार्यालय में जांच की कार्रवाई लगातार जारी है। EOW की टीम स्वेच्छानुदान राशि से जुड़े बैंक ट्रांजैक्शन, स्वीकृत पत्रों को बारीकी से खंगाल रही है। कयास लगाए जा रहे हैं कि बयानों और दस्तावेजों के मिलान के बाद इस मामले में कई बड़े खुलासे हो सकते हैं। इस अचानक हुई कार्रवाई से क्षेत्र के राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मचा हुआ है।
