
दमोह.न्यायालय उदय सिंह मरावी, विशेष न्यायाधीश (एट्रोसिटीज एक्ट) आरोपी -मुकेश यादव पिता छोटेलाल उर्फ छुटई यादव 36 निवासी ग्राम बांसी, थाना-तारादेही को बी.एन.एस. की धारा 103(1) में आजीवन कारावास 500 रुपए अर्थदंड, 109(1) बी.एन.एस. में 5 वर्ष का कठिन कारावास 500 रुपए,धारा 3(2)(V) एससी/एसटी एक्ट में आजीवन कारावास की सजा व 500 रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया.मामले में पैरवी सहायक निदेशक अभियोजन धर्मेंद्र सिंह तारन के निर्देशन में सहायक जिला अभियोजन अधिकारी सतीश कपस्या द्वारा की गई व सहायक तरुण सोनी द्वारा आवश्यक सहयोग किया गया.इन्होनें बताया कि अभियोजन प्रकरण संक्षेप में इस प्रकार है कि 1 अप्रैल 2025 को थाना तारादेही में एक गंभीर घटना घटित हुई.अभियुक्त मुकेश यादव ने फरियादी की दादी के घर जाकर विवाद के दौरान तलवार और डंडे से हमला किया. इस हमले में दादी गंभीर रूप से घायल हुईं और बाद में उनकी मृत्यु हो गई.सुबह लगभग 08:30 बजे मुकेश यादव अपने खेत पर काम कर रहा था.विवाद के दौरान उसने दादी के सिर पर तलवार से वार किया और अन्य पर डंडे से हमला किया. बीच बचाव के दौरान सुरेन्द्र वेन और पप्पू वेन को भी चोटें आईं. घटना के बाद ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी. पुलिस ने अपराध क्रमांक 42/2025 में भारतीय दंड संहिता की धाराएं 103(1), 109(1), 115(2), 118(1), 332(7), 296, 351(3) तथा अनुसूचित जाति एवं जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराएं 3(1)(र), 3(1)(ध), 3(1)(व), 3(2)(v), 3(2)(v-a) के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया सम्पूर्ण कार्यवाही उपरांत अभियोग पत्र माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया. न्यायालय में आई मौखिक व दस्तावेजी साक्ष्य व कथनों पर विश्वास करते हुए अभियोजन द्वारा प्रस्तुत तर्कों के आधार पर माननीय न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास से दंडित किया.
