ग्वालियर: नाला-नालियों पर हुए अवैध अतिक्रमण को हटाने में लापरवाही बरतने वाले छह भवन अधिकारियों को नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय ने सख्त रुख अपनाते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया है।नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय द्वारा जारी नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि पिछले साल वर्षाकाल के दौरान नाला-नालियों की ठीक से सफाई न होने के कारण शहर के कई इलाकों में भारी जलभराव और बाढ़ जैसे हालात बन गए थे। इससे न केवल आम जनता को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा था, बल्कि स्थिति पर काबू पाने के लिए प्रशासनिक और निगम अमले को अतिरिक्त संसाधन जुटाकर आपातकालीन कार्रवाई करनी पड़ी थी।
इस साल ऐसी स्थिति दोबारा न बने, इसके लिए वर्षाकाल से पूर्व ही सभी भवन अधिकारियों को नाली एवं नालों में अतिक्रमण चिन्हित कर उन्हें हटाने के सख्त निर्देश दिए गए थे। इस कार्य के लिए अधिकारियों को राजनीतिक और प्रशासनिक सहयोग के साथ-साथ पुलिस बल और आवश्यक संसाधन भी उपलब्ध कराए गए थे।
समयसीमा (टीएल) की बैठक में स्वास्थ्य विभाग ने खुलासा किया कि शहर में अभी भी कई नालों पर अतिक्रमण जस का तस है, जिसके कारण सफाई कार्य में भारी परेशानी आ रही है। लापरवाही की यह बात सामने आते ही नगर निगम आयुक्त ने मामले को गंभीरता से लिया और कार्य में ढिलाई बरतने वाले भवन अधिकारी बृजकिशोर त्यागी, वीरेंद्र शाक्य, राजू गोयल, पवन शर्मा, राजीव सोनी और वेदप्रकाश निरंजन को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
