जबलपुर: एक ओर रेलवे देशभर के प्रमुख स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने के दावे कर रहा है, वहीं जबलपुर रेलवे स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया में यात्रियों की परेशानी इन दावों पर सवाल खड़े कर रही है। स्टेशन के बाहर बने सर्कुलेटिंग क्षेत्र में बड़ी संख्या में यात्री तेज धूप और उमस भरी गर्मी के बीच खुले में बैठकर ट्रेन का इंतजार करने को मजबूर हैं। जानकारी के अनुसार इन दिनों गुजरात से सोमनाथ एक्सप्रेस से आने वाले यह मजदूर और छात्र वर्ग रात को शक्तिपुंज एक्सप्रेस से बिहार और पश्चिम बंगाल की ओर यात्रा करने के लिए दिनभर उमस भरी गर्मी के बीच सर्कुलेटिंग एरिया में बैठा रहता है।
बता दे कि दोपहर के समय तापमान 36 डिग्री के आसपास पहुंचने पर बुजुर्ग, महिलाएं और बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित दिखाई देते हैं। यात्रियों का कहना है कि स्टेशन परिसर में प्रतीक्षालय और आधुनिक सुविधाओं के दावे किए जाते हैं, लेकिन बाहर के सर्कुलेटिंग एरिया में पर्याप्त छायादार शेड, बैठने की व्यवस्था और गर्मी से राहत के साधन नदारद हैं। ऐसे में घंटों इंतजार करना किसी सजा से कम नहीं लगता।
गौरतलब है कि जबलपुर स्टेशन पर एसी वेटिंग रूम, लाउंज, एस्केलेटर और अन्य आधुनिक यात्री सुविधाएं उपलब्ध होने की जानकारी रेलवे द्वारा दी गई है। लेकिन मध्यम वर्गीय लोगो को आज भी खुले में ट्रेनों का इंतजार करना पड़ रहा है। स्टेशन के बाहरी सर्कुलेटिंग क्षेत्र में यात्रियों के लिए पर्याप्त छाया और आरामदायक इंतजार व्यवस्था का अभाव दिखाई देता है। यात्रियों का आरोप है कि जिम्मेदार अधिकारी स्टेशन भवन के भीतर की व्यवस्थाओं पर तो ध्यान दे रहे हैं, लेकिन बाहर जहां आम यात्री सबसे अधिक समय बिताते हैं, वहां की समस्याओं को नजरअंदाज किया जा रहा है। गर्मी के मौसम में यह लापरवाही यात्रियों के स्वास्थ्य पर भी भारी पड़ सकती है।
