कोलकाता, 12 जून (वार्ता)। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की अध्यक्ष ममता बनर्जी के खिलाफ इस साल के शुरू में एक राजनीतिक रैली के दौरान कथित तौर पर भड़काऊ टिप्पणी करने के मामले में शुक्रवार को एक प्राथमिकी दर्ज की गई।
पुलिस सूत्रों ने यह जानकारी देते हुए बताया कि एक व्यवसायी के सात जून को यहां हेयर स्ट्रीट थाने में दर्ज शिकायत पर मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी गई है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले मध्य कोलकाता के रानी रासमणि एवेन्यू में एक जनसभा के दौरान सुश्री बनर्जी की टिप्पणी “उत्तेजक और सामाजिक सद्भाव को बिगाड़ने में सक्षम” थी।
तब उनके इस बयान पर काफी राजनीतिक विवाद हुआ और विपक्षी दलों ने टीएमसी प्रमुख पर ऐसे बयान देने का आरोप लगाया था जिसे “विभाजनकारी और भड़काऊ” माना जा सकता है।
यह भाषण सोशल मीडिया पर भी काफी वायरल हुआ था, जिस पर विभिन्न हलकों से नाराजगी भरी प्रतिक्रियाएं आई थीं। आलोचकों ने सवाल उठाया था कि क्या राज्य के सर्वोच्च कार्यकारी पद पर बैठे किसी नेता को ऐसी टिप्पणी करनी चाहिए जिसे समुदायों के बीच तनाव भड़काने के रूप में समझा जा सकता है।
अब एक व्यवसायी द्वारा कानूनी कार्रवाई की मांग को लेकर पुलिस से संपर्क करने के बाद यह विवाद फिर से गरमा गया है। सूत्रों के मुताबिक, भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 196(1), 351(2) और 352 के तहत मामला दर्ज किया गया है। समझा जाता है कि जांचकर्ता भाषण की सामग्री और उन परिस्थितियों की जांच कर रहे हैं जिनके तहत ये टिप्पणियां की गई थीं।
इससे पहले इसी महीने, चुनाव के दौरान तैनात निर्वाचन आयोग और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों सहित संवैधानिक संस्थाओं के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों के लिए भी सुश्री बनर्जी के खिलाफ पुलिस में शिकायतें दर्ज की गई थीं। चार जून को दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, सुश्री बनर्जी ने इन संस्थाओं की सत्यनिष्ठा और तटस्थता पर सवाल उठाए थे।
शिकायतकर्ता ने दो जून को मध्य कोलकाता में सुश्री बनर्जी के एक अन्य कथित भाषण का भी हवाला दिया था, जिसमें उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्रालय के साथ गोपनीय चर्चाओं के बारे में बात की थी और केंद्र सरकार व केंद्रीय गृह मंत्री को पड़ोसी देश बांग्लादेश में हुई एक राजनीतिक हत्या से जोड़ने वाले आरोप लगाए थे।
इसके अलावा, एक सप्ताह पहले अधिवक्ता रिंकू चटर्जी सिंह ने भी सिलीगुड़ी साइबर पुलिस में ममता बनर्जी के खिलाफ एक लिखित शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि उन्होंने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई है।
