
बैतूल। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के 18 जून को प्रस्तावित बैतूल दौरे की तैयारियों के तहत प्रशासन ने हेलीपैड निर्माण का कार्य तेज कर दिया है। डामर की स्थानीय उपलब्धता प्रभावित होने के कारण हेलीपैड निर्माण के लिए पड़ोसी नर्मदापुरम जिले से 28 टन डामर मंगवाया गया है। सूत्रों के अनुसार राष्ट्रपति श्रीमती मुर्मु ब्रह्मकुमारी संस्थान के तत्वावधान में आयोजित आध्यात्मिक जागृति से जनजातीय समाज का सशक्तिकरण कार्यक्रम में शामिल होने बैतूल आएंगी। उनके आगमन को देखते हुए मिलानपुर क्षेत्र में चार हेलीपैड तैयार किए जा रहे हैं।
सूत्रों ने बताया कि 18 जून के आसपास वर्षा की संभावना को ध्यान में रखते हुए हेलीपैडों का निर्माण पक्के स्वरूप में किया जाना आवश्यक माना गया। प्रारंभ में डामर की कमी के कारण सीमेंट से हेलीपैड निर्माण का विकल्प तैयार किया गया था, लेकिन लोक निर्माण विभाग ने अन्य जिलों में डामर की उपलब्धता तलाशना जारी रखा।
बाद में नर्मदापुरम जिले के एक ठेकेदार के पास डामर उपलब्ध होने की जानकारी मिलने पर तत्काल 28 टन डामर बैतूल भेजा गया। इस सामग्री से मिलानपुर के चार हेलीपैडों के साथ शहर में एक अतिरिक्त आरक्षित हेलीपैड का निर्माण भी किया जा सकेगा।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार राष्ट्रपति के अलावा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और राज्यपाल के कार्यक्रम में शामिल होने की संभावना को देखते हुए अतिरिक्त हेलीकॉप्टरों की आवाजाही के लिए एक आरक्षित हेलीपैड की आवश्यकता महसूस की गई है। इसके लिए पुलिस ग्राउंड और न्यू बैतूल स्कूल ग्राउंड को संभावित स्थानों के रूप में चिन्हित किया गया है।
इधर, न्यू बैतूल स्कूल ग्राउंड को संभावित हेलीपैड स्थल मानते हुए प्रशासन और नगर पालिका ने आसपास के अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई भी शुरू कर दी है। क्षेत्र में अस्थायी दुकानों को हटाकर मार्गों को व्यवस्थित किया जा रहा है, ताकि वीआईपी आवागमन में किसी प्रकार की बाधा न आए।
राष्ट्रपति के प्रस्तावित दौरे की तैयारियों की समीक्षा के लिए संभागायुक्त श्रीकांत बनोठ ने लाल बहादुर शास्त्री स्टेडियम और प्रस्तावित हेलीपैड स्थलों का निरीक्षण किया। उन्होंने सुरक्षा, पार्किंग, मंच, बैठक व्यवस्था तथा आवागमन मार्गों के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रशासन का दावा है कि कार्यक्रम से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं निर्धारित समय सीमा में पूरी कर ली जाएंगी।
