
जबलपुर। कम्युनिटी हॉल के स्थान परिवर्तन किये जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की गयी थी। याचिकाकर्ता की तरफ से सुनवाई के दौरान याचिका में संशोधन करने के लिए उसे वापस लेने का आग्रह किया गया। हाईकोर्ट जस्टिस जी एस अहलूवालिया था जस्टिस दीपक खोट की युगलपीठ ने आग्रह को स्वीकार करते हुए याचिका को खारिज कर दिया।
दमोह निवासी पुष्पेन्द्र सिंह की तरफ से दायर की गयी याचिका में कहा गया था कि ग्राम बर्रत में कम्युनिटी हॉल के निर्माण के लिए स्थान का निर्धारण किया गया था। जिसे बाद में बदलकर ग्राम नीमखेड़ा में स्थान का निर्धारण किया गया है। याचिका की सुनवाई के दौरान युगलपीठ से आग्रह किया गया कि याचिका में कुछ ऐसी कमियाँ हैं जिन्हें बड़े बदलाव किए बिना ठीक नहीं किया जा सकता। याचिकाकर्ता की तरफ से याचिका वापस लेने की इजाज़त चाही गयी। जिससे सही दलीलों और दस्तावेज़ों के साथ याचिका को दोबारा दायर किया जा सके। युगलपीठ ने आग्रह को स्वीकार करते हुए याचिका को निरस्त कर दिया।
