नगर पालिक निगम परिषद की विशेष बैठक पर्यावरण को लेकर आयोजित, विधायक भी हुये शामिल

सिंगरौली । विश्व पर्यावरण दिवस पर जहां शहर को हरियाली और स्वच्छता का संदेश देना था, वहीं सिंगरौली नगर निगम की परिषद बैठक में कागजी हरियाली और जमीनी कचरे का कड़वा सच फूट पड़ा। विशेष परिषद बैठक पर्यावरण बचाने के नाम पर बुलाया गया, लेकिन पार्षदों ने बैठक में निगम और सीटाडेल कंपनी की कार्यप्रणाली को कठघरे में खड़ा कर दिया। आरोप ऐसे थे कि मानो वर्षों से दबा गुस्सा एक ही दिन में बाहर आ गया हो। पार्षदों ने आरोप लगाया कि ना वृक्षारोपण हो रहा और ना ही कचरा प्रबंधन, बस कागजों में योजनाएं चलाई जा रही है जमीनी हकीकत बदहाल हालत है। नजारा ऐसा था कि बैठक कम, जवाबदेही का ट्रायल ज्यादा नजर आया, जहां हर सवाल सीधे सिस्टम की नाकामी पर चोट कर रहा था।

गौरतलब है कि विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर नगर निगम की परिषद बैठक शुरू होते ही पार्षदों ने सीटाडेल कंपनी और निगम प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाया। माहौल ऐसा बन गया कि पर्यावरण दिवस का बैठक ही जवाबदेही का अखाड़ा बन गया। वार्ड क्रमांक 42 के पार्षद संतोष साह ने सीधे आरोप लगाया कि कंपनी को भुड़कुड़ में 25 एकड़ जमीन मिलने के बावजूद एक भी पौधा नहीं लगाया गया। वहीं गनियारी कचरा प्लांट के आसपास भी हरियाली सिर्फ कागजों में सीमित है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब समझौते में वृक्षारोपण की शर्त थी, तो अब तक अमल क्यों नहीं हुआ, जवाब में निगम अधिकारी भी स्पष्ट स्थिति नहीं बता सके, जिससे आरोप और गहराते गए। वही वार्ड 45 के पार्षद रामगोपाल पाल ने कचरा प्रबंधन की पूरी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए। उन्होंने कहा कि उनके क्षेत्र भकुआर और अमलोरी में कभी कचरा गाड़ी पहुंची ही नहीं। प्लांट का हाल और भी बदतर है।

मशीनें बंद पड़ी हैं और खाली जमीन पर कचरे का पहाड़ खड़ा कर दिया गया है। हालात इतने खराब हैं कि रात में कचरे में आग लग जाती है, जिससे आसपास का वातावरण जहरीला हो रहा है। बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों ने साफ कहा कि एक तरफ नियमों और योजनाओं की बात की जा रही है, वहीं दूसरी तरफ जमीनी हकीकत पूरी तरह उलट है। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के नाम पर नई रणनीतियों की चर्चा जरूर हुई, लेकिन पार्षदों का गुस्सा यह संकेत दे गया कि पहले पुरानी लापरवाहियों का हिसाब जरूरी है। अंत में निगम अध्यक्ष और अधिकारियों ने सुधार के आश्वासन दिए, लेकिन जिस तरह से बैठक में आरोप-प्रत्यारोप और हंगामा हुआ, उसने यह साफ कर दिया कि सिंगरौली में पर्यावरण और स्वच्छता सिर्फ भाषणों का विषय नहीं, बल्कि अब बड़ा राजनीतिक मुद्दा बनता जा रहा है। इधर विशेष बैठक में पर्यावरण दिवस के संदर्भ में शहर के पारंपरिक जल स्रोतों, तालाबों के पुनरुद्धार और आगामी वर्षा ऋतु के आगमन से पूर्व सभी प्रमुख नालों की वैज्ञानिक तरीके से सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि शहर में जलभराव की स्थिति निर्मित न हो। बैठक में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के साथ-साथ शहर की बुनियादी सुविधाओं, जैसे ड्रेनेज सिस्टम को दुरुस्त करने, हरित क्षेत्रों (ग्रीन बेल्ट) का दायरा और कचरा प्रसंस्करण प्लांट की कार्यक्षमता को बढ़ाने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही अन्य विषयों के तहत शहर की मूलभूत आवश्यकताओं की पूर्ति के लिए विस्तृत चर्चा की गई।

कचरा मुक्त शहर बनाना सबकी जिम्मेदारी: देवेश

ननि अध्यक्ष देवेश पांडेय का संदेश सिर्फ औपचारिक अपील नहीं, बल्कि शहर की बिगड़ती स्वच्छता व्यवस्था पर सीधा इशारा भी है। उन्होंने साफ किया कि सिंगरौली को कचरा मुक्त बनाना केवल निगम की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर नागरिक की भागीदारी से ही संभव है। उन्होंने सिंगल-यूज प्लास्टिक के बहिष्कार, कचरे के पृथक्करण और स्वच्छता नियमों के पालन को अनिवार्य बताया। साथ ही पार्षदों और वार्ड स्तर की समितियों को सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। उनका जोर इस बात पर रहा कि अगर अब भी लापरवाही जारी रही, तो स्वच्छ और पर्यावरण अनुकूल शहर का सपना सिर्फ कागजों तक सीमित रह जाएगा।

वार्ड स्तर पर स्वच्छता समिति होंगी गठित

बैठक में गहन चर्चा और विचार-विमर्श के दौरान यह स्पष्ट किया गया कि नए नियमों के तहत सिंगरौली शहर में कचरा प्रबंधन की पूरी प्रणाली को अपग्रेड किया जाएगा। इसके अंतर्गत स्रोतों पर ही कचरे का पृथक्करण, यानी गीला, सूखा और हानिकारक कचरा अलग-अलग करना अनिवार्य किया जा रहा है और नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त चालानी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही आज से शुरू हो रहे इस विशेष अभियान को जन-आंदोलन का रूप देने के लिए वार्ड स्तर पर पार्षदों के नेतृत्व में स्वच्छता समितियां गठित की जाएंगी, जो नागरिकों को पर्यावरण संरक्षण और सिंगल-यूज प्लास्टिक के पूर्ण बहिष्कार के प्रति जागरूक करेंगी।

Next Post

नशे के हालत में घंटो पड़ी रही एक महिला

Fri Jun 5 , 2026
सिंगरौली ।अंतरराज्यीय बस स्टैंड बैढ़न में आज दोपहर के वक्त एक महिला नशे की हालत में घंटो पड़ी रही। महिला कहां की है, इसका पता नही चल पाया, लेकिन इतना जरूर बताया जा रहा है कि वह नशे की हालत में थी। महिला की इस हालत को देख कांग्रेस पार्टी […]

You May Like