नई दिल्ली | दिग्गज व्यवसायी एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स ने अपने बहुप्रतीक्षित आईपीओ के लिए 135 डॉलर प्रति शेयर की कीमत तय कर दी है। इस आईपीओ के जरिए कंपनी का कुल मूल्यांकन लगभग 1.77 ट्रिलियन डॉलर आंका गया है, जो इसे दुनिया के इतिहास का सबसे बड़ा आईपीओ बनाता है। यह अगले हफ्ते अमेरिकी शेयर बाजार ‘नैस्डैक’ पर ‘SPCX’ टिकर सिंबल के साथ सूचीबद्ध (लिस्ट) हो सकता है, जिससे निवेश जगत में नई उम्मीदें जगी हैं।
सऊदी अरामको का रिकॉर्ड पीछे छूटा
स्पेसएक्स इस आईपीओ के माध्यम से 74.4 बिलियन डॉलर जुटाने की तैयारी में है, जो सऊदी अरामको के 29.4 बिलियन डॉलर के पुराने रिकॉर्ड को काफी पीछे छोड़ देगा। कंपनी का रेवेन्यू पिछले वर्ष 33 फीसदी बढ़कर 18.7 बिलियन डॉलर तक पहुंच गया है। आईपीओ से प्राप्त इस विशाल धनराशि का उपयोग कंपनी अंतरिक्ष में ऑर्बिटल डेटा सेंटर्स बनाने, लूनर फैक्ट्री स्थापित करने और मंगल मिशनों की महत्वाकांक्षी योजनाओं को पूरा करने के लिए करेगी।
मस्क बनेंगे दुनिया के पहले ट्रिलियनेयर
कंपनी में 50 फीसदी हिस्सेदारी रखने के कारण एलन मस्क की संपत्ति में भारी उछाल आना तय है। बाजार के जानकारों का अनुमान है कि लिस्टिंग के बाद शेयरों में तेजी आने से मस्क दुनिया के पहले ‘ट्रिलियनेयर’ बन सकते हैं। स्पेसएक्स के पास वर्तमान में उच्च वोटिंग राइट्स होने से मस्क का नियंत्रण और अधिक मजबूत हो जाएगा। यह कदम न केवल अंतरिक्ष तकनीक बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था के भविष्य के लिए भी एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा।

