सीहोर। भीषण गर्मी के बीच जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती को लेकर लोगों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है. बीते एक सप्ताह में अमलाहा और चंदेरी के बाद अब बिजौरी गांव में भी ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा. विद्युत वितरण कंपनी की लापरवाही और बिजली की आंख-मिचौली से परेशान ग्रामीण बड़ी संख्या में सड़क पर उतरे और जोरदार प्रदर्शन करते हुए बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की.
भीषण गर्मी से परेशान जिले में इन दिनों विद्युत वितरण कंपनी का अघोषित कटौती और लोड शेडिंग के नाम पर दमनचक्र चल रहा है. दिन के अलावा रात में भी कई घंटे बिजली गुल रहने से लोग इतने तंग आ गए हैं कि वह सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन कर रहे हैं. इसके अलावा कलेक्ट्रेट में भी पहुंचकर अपने आक्रोश को बयां कर रहे हैं. बावजूद इसके कटौती का सिलसिला बना हुआ है.
अघोषित लोड शेडिंग व बिजली कटौती को बंद कराने की मांग को लेकर करणी सेना युवा शक्ति प्रदेश अध्यक्ष कुलदीप सिंह राजपूत के नेतृत्व में अल्हादाखेड़ी, मोगरा राम, हसनाबाद जहांगीरपुर, नयापुरा, धबोटी, धामनखेड़ा खामलिया, पचामा, थूना सहित आसपास के एक दर्जन गांवो के किसानों ने कलेक्ट्रेट में जोरदार हल्ला बोल प्रदर्शन किया था. इससे पूर्व चंदेरी में मोमबत्ती जलाकर और भजन- कीर्तन करते हुए ग्रामीणों ने रोष जताया था तो अमलाहा में सड़क पर उतरे ग्रामीणों ने चक्काजाम कर दिया था. इसके बाद भी बिजली कटौती का सिलसिला बना हुआ है. नतीजतन मंगलवार को समीप के ग्राम बिजौरी के रहवासियों ने सड़क पर जोरदार प्रदर्शन किया. गांव के पूर्व सरपंच दीपेश राठौर और पूर्व सैनिक निकेश सिंह ने बताया कि दिन के अलावा रात में भी कटौती का सिलसिला बना रहने के कारण काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. ग्रामीणों का कहना है कि इस तपती गर्मी में बिजली सप्लाई पूरी तरह चरमरा गई है. दिन हो या रात, बिजली कब चली जाए और कब आए इसका कोई निश्चित समय नहीं है. घंटों तक बिजली गुल रहने से लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है. पेयजल संकट गहरा रहा है, बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है और बुजुर्गों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बिजली कंपनी समय पर भारी-भरकम बिल वसूलने में कोई कमी नहीं छोड़ती, लेकिन निर्बाध बिजली सप्लाई के दावे पूरी तरह खोखले साबित हो रहे हैं. कई बार बिजली विभाग के अधिकारियों से शिकायत करने के बावजूद सिर्फ आश्वासन ही मिल रहा है. ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा. ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार हो रहे विरोध प्रदर्शन बिजली व्यवस्था को लेकर बढ़ती नाराजगी को साफ दर्शा रहे हैं.
आज और 29 को शहर के कई क्षेत्रों में गुल रहेगी बिजली
बिजली कटौती के दंश से केवल ग्रामीण क्षेत्र ही पीडि़त नहीं हैं. जिला मुख्यालय पर भी मेंटेेनेंस के नाम पर दो से तीन घंटे की कटौती का दौर जारी है. विद्युत वितरण कंपनी की इस कार्यप्रणाली से लोगों में आक्रोश का माहौल बना हुआ है. विद्युत कंपनी द्वारा बुधवार और शुक्रवार को फिर 11 केवी इमरजेंसी फीडर व 11 केवी फीडर में सुबह 8.30 से 10.30 बजे तक बिजली कटौती का शैडयूल जारी किया है. इस कटौती से जिला अस्पताल, ट्रामा सेंटर, पुरानी कलेक्ट्रेट, तहसील कार्यालय, एसपी कार्यालय, आफिसर कॉलानी, जंगली अहाता सहित शहर का अधिकांश क्षेत्र दो घंटे तक बिजली की कमी से जूझता रहेगा.
