जावर। कान्याखेड़ी जलाशय के डूब क्षेत्र में आने वाले ग्राम केशोपुर के पुनर्वास स्थल पर बुधवार सुबह अतिक्रमण को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद की स्थिति निर्मित हो गई. सूचना मिलते ही तहसीलदार ओमप्रकाश चोरमा तथा डोडी चौकी प्रभारी दिनेश यादव पुलिस एवं राजस्व के दल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रण में लिया.
तहसीलदार चोरमा ने बताया कि ग्राम केशोपुर के विस्थापित परिवारों को हर्नियागांव के समीप पुनर्वास स्थल पर प्लॉट आबंटित किए गए हैं. मौके पर जांच के दौरान पाया गया कि ग्राम केशोपुर के एक पक्ष द्वारा पुनर्वास स्थल के समीप स्थित रिक्त शासकीय भूमि पर ईंटें डालकर अतिक्रमण किया जा रहा था. वहीं दूसरे पक्ष द्वारा इस भूमि को अपने कब्जे की भूमि बताया जा रहा था.जांच में स्पष्ट हुआ कि यह विवादित भूमि शासकीय है. तहसीलदार और चौकी प्रभारी ने दोनों पक्षों को समझाइश दी तथा अतिक्रमण के प्रकरण तैयार किए गए. इसी तरह ग्राम केशोपुर निवासी उदल सिंह द्वारा ग्राम कल्याणपुरा स्थित भूमि पर अवैध रूप से बीम-कॉलम डालकर मकान निर्माण किया जा रहा है. जबकि उसे पुनर्वास स्थल पर पहले ही प्लॉट आवंटित किया जा चुका है. मामले में तहसीलदार द्वारा अतिक्रमणकर्ता पर अर्थदंड की कार्यवाही की जा चुकी है। राजस्व एवं पुलिस के अमले ने मौके पर पहुंचकर तत्काल अतिक्रमण हटाया और भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया.
इस मौके पर तहसीलदार ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि क्षेत्र में अशांति फैलाने या शासकीय भूमि पर अतिक्रमण करने वालों को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा. प्रशासन द्वारा ऐसे तत्वों के विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाई जारी रहेगी.
