
भोपाल। मातृत्व और शिशु जन्म को सकारात्मक दिशा देने के उद्देश्य से भारतीय योगिनी संघ ने फ्रांस के सेंटर इंडो लिलोइस डे योगा के संस्थापक निदेशक वीरेंद्र हरित के साथ मिलकर एक अनूठी पहल शुरू की है। इस अभियान का उद्देश्य शिशुओं को तनावमुक्त और सकारात्मक वातावरण में जन्म दिलाना है। संस्था का दावा है कि पिछले 40 वर्षों से इस थीम पर कार्य करते हुए वहां बच्चे मुस्कुराते हुए जन्म लेते हैं।
भारतीय योगिनी संघ की राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. आर.एच. लता ने बताया कि यह पहल राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्व सरसंघचालक स्व. के.सी. सुदर्शन की प्रेरणा से शुरू की गई है। अभियान के तहत ‘गर्भ संस्कार’ पर विशेष ध्यान दिया जाएगा, जिसमें योग, ध्यान, संगीत और सकारात्मक विचारों के माध्यम से गर्भवती महिलाओं को मानसिक व भावनात्मक रूप से सशक्त बनाया जाएगा। विशेषज्ञों के अनुसार गर्भावस्था के दौरान मां की मानसिक स्थिति का सीधा असर शिशु पर पड़ता है। संस्था का मानना है कि यह पहल स्वस्थ, संवेदनशील और संस्कारित पीढ़ी तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
