भोपाल। राजधानी में खाद्य सुरक्षा प्रशासन ने मिलावटी पदार्थों को लेकर कार्रवाई की. जिमसें सागर गैरे के साथ ही शहर में एक दर्जन से अधिक जूस और लस्सी विक्रेताओं के यहां पर औचक निरीक्षण किया. खाद्य विभाग ने सबसे पहले 7 नंबर बस स्टॉप स्थित सागर गैरे आउटलेट पर कार्रवाई करने पहुंचे. यहां के भोजन में कीड़े पाए जाने की शिकायत विभाग को मिली थी. निरीक्षण के दौरान खाद्य पदार्थों के रखरखाव और साफ सफाई में कमी पाई गईं. प्रतिष्ठान को धारा 32 के तहत नोटिस जारी किया गया. जिसमें 14 दिनों के अंदर स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा मानकों में सुधार करने के निर्देश दिए हैं, वहीं खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच के लिए नमूने लिए गए.
न्यूमार्केट, एमपीनगर सहित एक दर्जन क्षेत्रों में कार्रवाई
कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के दल ने शहर के नामी जूस सेंटर्स और लस्सी कॉर्नर्स पर औचक निरीक्षण कर नमूने लिए. जिसमें न्यू फेमस एंड रेस्टोरेंट अशोका गार्डन से मैंगो जूस, लस्सी, मैदा, गुलाब जामुन एवं मठरी, एवं बॉम्बे जूस कॉर्नर बरखेड़ी, घमंडी लस्सी एमपी नगर, आदर्श जूस सेंटर इंद्रपुरी, बॉम्बे जूस सेंटर बुधवारा, आगरा समोसा कॉर्नर रंगमहल चौराहा, फेमस जूस कॉर्नर, इब्राहिमपुरा, श्री कृष्णा लस्सी कॉर्नर, पीरगेट, गुजरात कोल्डड्रिंक एंड जूस सेंटर, घोड़ा नक्कास इन सभी के यहां पर जांच के लिए नमूने प्राप्त किए.
जूस ओर शेक में सिंथेटिक एसेस की मिली शिकायत
शहर में खाद्य प्रतिष्ठानों पर नकली एसेंस और रसायनों का संदेह प्रशासन को शिकायत मिली थी कि कई विके्रताओं द्वारा मैंगो शेंक और अन्य जूस में हानिकारक टार्द्राजीन कलर (कृत्रिम रंग), सिंथेटिक एसेंस, थिकनर और भारी मात्रा में सैकरीन का उपयोग किया जा रहा है. यह स्वास्थ्य के लिए अत्यंत घातक हो सकते है.
इनका कहना है
खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत यह कार्यवाही की गई है. सभी संदिग्ध नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है. मिलावट पाई जाने पर वैधानिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी
पंकज श्रीवास्तव, फूड अधिकारी
