
उज्जैन। चिंतामण ब्रिज से बुधवार दोपहर युवक ने शिप्रा नदी में छलांग लगा दी थी। पुलिस ने डेढ़ घंटे में शव खोज निकाला था। देर शाम पहचान होने पर सामने आया कि युवक बहन के साथ उज्जैन आया था।
नीलगंगा थाना पुलिस ने बताया कि चिंतामण ब्रिज से एक युवक के शिप्रा नदी में कूदने की जानकारी सामने आने के बाद गोताखोरों की मदद से उसकी तलाश शुरू कराई गई थी। डेढ़ घंटे की तलाश के बाद उसकी शव बाहर निकाल लिया गया था। देर शाम इंगोरिया के समीप सुवासा का रहने वाला पाटीदार परिवार नीलगंगा थाने पहुंचा और अंकित पिता विनोद पाटीदार 22 साल के लापता होने की बात कही। पुलिस ने शिप्रा में कूदने वाले मृतक युवक का फोटो दिखाई तो परिवार ने पहचान कर ली। गुरुवार सुबह पोस्टमार्टम के दौरान परिजनों ने बताया कि अंकित अपनी बहन ज्योति के साथ उज्जैन आया था। बहन अपना उपचार करने के लिए निजी अस्पताल आई थी। अंकित ने अपने दोस्त से मिलने की बात कही थी और जंतर मंतर के समीप रुक गया था। बहन अस्पताल चली गई थी लेकिन अंकित देर शाम तक वापस नहीं लौटा तो उसकी तलाश शुरू की गई और इंगोरिया पुलिस को सूचना दी गई जहां पता चला कि एक युवक की बॉडी पुलिस को नदी से मिली है। परिजनों का कहना था कि कुछ साल पहले अंकित दुर्घटना में घायल हो गया था उसके पैर में रॉड डली थी। उसके बाद से ही मानसिक संतुलन ठीक नहीं था। पुलिस ने अंतिम संस्कार के लिए शव परिजनों को सौंपा है।
