
सीहोर। सूबे सहित संपूर्ण जिला इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है. दिनों- दिन बढ़ती गर्मी ने रविवार को सारे रिकार्ड तोड़ दिए. 44. 2 डिग्री तापमान के साथ रविवार का दिन सबसे गर्म रिकार्ड किया गया. हालांकि शाम को आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बारिश होने के समाचार मिले हैं. आसमान से बरस रही आग से जन जीवन बेहाल हो गया है और इसका असर लोगों की सेहत पर भी पड़ रहा है.
अप्रैल माह के उतर्राद्ध में गर्मी के तेवर काफी गर्म बने हैं. सुबह से चिलचिलाती धूप चुभती है तो दोपहर में धूप में इतनी अधिकता होती है कि शरीर झुलसने लगता है. रविवार को सुबह से ही तेज धूप ने लोगों को परेशान करना शुरू कर दिया था, जो दोपहर होते-होते और भी प्रचंड हो गई. सड़कों पर सन्नाटा छा गया और लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकले. दोपहर के समय स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि खुली धूप में कुछ ही मिनट खड़े रहना मुश्किल हो गया. गर्म हवाओं के थपेड़ों ने लोगों की परेशानी को और बढ़ा दिया. खासकर बुजुर्ग और बच्चे सबसे अधिक प्रभावित नजर आए. बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर भी भीड़ कम देखने को मिली.
गर्मी का असर सिर्फ दिन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि रात में भी लोगों को राहत नहीं मिल पाई. गर्म हवाओं के कारण रात का तापमान भी अधिक बना रहा, जिससे लोगों की नींद प्रभावित हुई. कूलर और पंखे भी गर्म हवा ही दे रहे थे, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी का सामना करना पड़ा. हालांकि, रविवार शाम को जिले के कुछ ग्रामीण क्षेत्रों से राहत भरी खबरें भी सामने आईं. आसपास के गांवों में हल्की बारिश और बूंदाबांदी हुई, जिससे मौसम कुछ हद तक खुशनुमा हो गया. बारिश के बाद तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की गई और लोगों को भीषण गर्मी से थोड़ी राहत मिली.
मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में गर्मी का असर अभी बना रह सकता है. हालांकि बीच-बीच में स्थानीय स्तर पर आंधी या हल्की बारिश होने की संभावना भी जताई जा रही है, जिससे तापमान में अस्थायी गिरावट आ सकती है.
फिलहाल, जिलेवासी गर्मी की इस मार से जूझ रहे हैं और बारिश की उम्मीद लगाए बैठे हैं. प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग द्वारा भी लोगों को सतर्क रहने और जरूरी सावधानियां बरतने की सलाह दी जा रही है, ताकि भीषण गर्मी के प्रभाव से बचा जा सके.
लोगों की सेहत पर भी पड़ रहा गर्मी का असर
इस भीषण गर्मी का असर लोगों की सेहत पर भी साफ नजर आने लगा है. अस्पतालों में उल्टी-दस्त, डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक के मरीजों की संख्या में इजाफा देखा जा रहा है. डॉक्टरों ने लोगों को दिन के समय धूप में निकलने से बचने, अधिक से अधिक पानी पीने और हल्का भोजन करने की सलाह दी है.गर्मी से राहत पाने के लिए लोग कोल्ड ड्रिंक, लस्सी, गन्ने का रस, नींबू पानी और शिकंजी जैसे पेय पदार्थों का सहारा ले रहे हैं. बाजारों में इन ठंडे पेय पदार्थों की मांग भी बढ़ गई है.
बच्चों के पालकों में मायूसी का माहौल
इन दिनों जब भीषण गर्गी ने लोगों को बेहाल कर रखा है. लोग गर्मी से बचने के तमाम जतन कर रहे हैं. ऐसे में जिले के स्कूलों में अब तक अवकाश घोषित न किए जाने से अभिभावकों में रोष का माहौल बना हुआ है. गर्मी के तेवरों को देखते हुए पड़ोसी जिलों रायसेन, विदिशा, भोपाल और नर्मदापुरम में कक्षा पहली से आठवीं तक के विद्यार्थियों के लिए अवकाश घोषित किया जा चुका है, लेकिन सीहोर जिले में अब तक ऐसा कोई आदेश जारी नहीं हुआ है. इसे लेकर अभिभावकों में चिंता बढ़ रही है और वे प्रशासन से बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए जल्द अवकाश घोषित करने की मांग कर रहे हैं.
