
रतलाम। रबी विपणन वर्ष 2026-27 के तहत उपार्जन कार्य में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और किसानों की शिकायतों के निराकरण के लिए जिला प्रशासन ने सख्त कदम उठाए हैं। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, मंत्रालय भोपाल द्वारा जारी उपार्जन नीति के पालन में कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह के निर्देश पर अपर कलेक्टर डॉ. शालिनी श्रीवास्तव ने जांच दल का गठन किया है।
यह जांच दल सेवा सहकारी संस्था बिलपांक के उपार्जन केंद्र क्रमांक 1 एवं 2 तथा तिरूपति वेयरहाउस, सिनोद में किसानों से प्राप्त शिकायतों की विस्तृत जांच करेगा। गठित पांच सदस्यीय दल में तहसीलदार आशीष उपाध्याय, जिला आपूर्ति अधिकारी आनंद गोले, महाप्रबंधक सीसीबी आलोक जैन, उपयंत्री सीसीबी शैलेष खरे तथा जिला प्रबंधक एम.पी.डब्ल्यू.एल.सी शुभम भरने को शामिल किया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता पाए जाने पर संबंधितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
नायब तहसीलदार ने किया आकस्मिक निरीक्षण
रबी विपणन वर्ष 2026-27 के अंतर्गत शासन के निर्देशानुसार एवं कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह के मार्गदर्शन में जिले में उपार्जन केन्द्रो पर समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन किया जा रहा है । मंगलवार को नामली क्षेत्र में नायब तहसीलदार प्रतिभा भाभर ने श्री पदमादेवी वेयरहाउस, नामली का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान नायब तहसीलदार ने तौल कांटों का सत्यापन किया। नायब तहसीलदार ने किसानो से संवाद कर उपार्जन प्रक्रिया, उपलब्ध सुविधाओं एवं केंद्रों पर की जा रही व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की एवं उनकी समस्याओं का समाधान करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए।
