जबलपुर: अधारताल थाना क्षेत्र में एक शातिर ई-रिक्शा चालक ने अपनी उम्र का शतक पूरा कर चुके एक 101 वर्षीय बुजुर्ग की पेंशनर की गाढ़ी कमाई के 50 हजार रुपयों पर हाथ साफ कर दिया। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है।पुलिस के अनुसार उत्तर प्रदेश के कुशीनगर की रहने वाली श्रीमती शिवकुमारी शर्मा (57) अपने 101 वर्षीय पिता रामचंद्र शर्मा से मिलने जबलपुर आई हुई थीं। उनके पिता शासकीय विभाग से सेवानिवृत्त पेंशनर हैं और अधारताल के महाराजपुर कमानिया गेट इलाके में रहते हैं। शिवकुमारी अपने पिता की पेंशन निकालने के लिए उन्हें लेकर गोकलपुर रांझी स्थित सेंट्रल बैंक जाने के लिए घर से निकलीं।
घर से जाते समय उन्होंने एक ई-रिक्शा बुक किया था। चालक ने अपना नाम नितिन ठाकुर बताया और अपना मोबाइल नंबर भी दिया। बैंक पहुँचने पर शिवकुमारी ने यह सोचकर कि वापस जाते समय पिता को परेशानी न हो, नितिन से कहा कि काम होने पर वे उसे फोन कर देंगी। बैंक से बुजुर्ग पिता ने अपने खाते से 50 हजार रुपये निकाले, जिसे शिवकुमारी ने एक बैग में सुरक्षित रख लिया। इसके बाद उन्होंने नितिन ठाकुर को फोन कर बुलाया और उसी के ई-रिक्शा से घर के लिए रवाना हुईं। वापसी के दौरान शातिर चालक नितिन ने अधारताल तिराहे से दो अन्य अज्ञात महिलाओं को भी रिक्शे में बैठा लिया। वे महिलाएँ सुहागी स्थित हनुमान मंदिर के पास उतर गईं। इस बीच 101 साल के पिता रिक्शे की अगली सीट पर बैठे थे। शिवकुमारी का पूरा ध्यान इस बात पर था कि उनके वृद्ध पिता कहीं रिक्शे से गिर न जाएं। इसी अफरा-तफरी और मौके का फायदा उठाकर चालक ने बैग से रुपयों की गड्डी पार कर दी।
किराया देने के लिए बैग खोला तो उड़े होश
जब ई-रिक्शा महाराजपुर पहुँचा, तो शिवकुमारी ने चालक को तय किराया 220 रुपये देने के लिए बैग खोला। बैग देखते ही उनके पैरों तले जमीन खिसक गई बैग में रखे 50 हजार रुपये गायब थे। पीड़िता का सीधा आरोप है कि चालक नितिन ठाकुर ने ही बड़ी चालाकी से उनकी नजर बचाकर पैसे चोरी किए हैं। पुलिस ने शिवकुमारी शर्मा की रिपोर्ट पर आरोपी चालक नितिन ठाकुर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब चालक के मोबाइल नंबर और क्षेत्र के सीसीटीवी कैमरों की मदद से उसकी गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है।
