मुंबई, 25 मार्च (वार्ता) अभिनेत्री श्वेता त्रिपाठी ने हाल ही में अपने मशहूर किरदार गोलू गुप्ता के साथ अपने गहरे भावनात्मक जुड़ाव के बारे में बात की।
श्वेता त्रिपाठी पिछले आठ सालों से इस किरदार को निभा रही हैं और उनका कहना है कि गोलू अब सिर्फ एक रोल नहीं, बल्कि उनकी ज़िंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है। यह सफर उन्हें व्यक्तिगत और पेशेवर दोनों ही रूप से बदलने वाला रहा है।जब मिर्ज़ापुर का पहला सीज़न आया था, तब दर्शकों ने गजगामिनी “गोलू” गुप्ता को एक शांत, समझदार और किताबों से प्यार करने वाली कॉलेज लड़की के रूप में देखा था, जो अपने आसपास के शोर-शराबे से दूर रहना पसंद करती थी।
पहले सीज़न में ही दर्शकों और समीक्षकों ने इस किरदार की खासियत को पहचान लिया था। कई समीक्षाओं में श्वेता त्रिपाठी के अभिनय की तारीफ की गई और कहा गया कि उन्होंने गोलू के किरदार में गहराई और सच्चाई लाई। जहां बाकी किरदार ताकत दिखाने के लिए हिंसा का सहारा लेते थे, वहीं गोलू की ताकत उसकी समझ, सोच और भावनात्मक मज़बूति में थी। दर्शकों को यह भी पसंद आया कि यह किरदार एक अलग तरह की ताकत दिखाता है, जो ज्ञान और साफ सोच से आती है।जैसे-जैसे सिरीज़ आगे बढ़ी, दर्शकों ने गोलू को एक साधारण, पढ़ाकू लड़की से एक मज़बूत और रणनीतिक सोच वाली महिला बनते देखा। धीरे-धीरे वह “गोलू दीदी” के रूप में उभरी, जो मिर्ज़ापुर की सबसे पसंदीदा और दमदार किरदारों में से एक बन गई
श्वेता त्रिपाठी ने कहा कि यह अनुभव आज भी उन्हें भावुक कर देता है।श्वेता त्रिपाठी ने कहा, “यह बताना मुश्किल है कि गोलू मेरे लिए क्या मायने रखती है, क्योंकि वह करीब आठ साल से मेरी ज़िंदगी का हिस्सा रही है। जब मैंने पहली बार यह किरदार निभाना शुरू किया था, तब वह एक शांत और समझदार लड़की थी, जिसे किताबों और ज्ञान पर बहुत भरोसा था। समय के साथ हमने उसे बढ़ते, बदलते और मज़बूत होते देखा। एक अभिनेता के तौर पर इतने लंबे समय तक एक किरदार के साथ जीने का मौका बहुत कम मिलता है, और मैं खुद को इसके लिए बहुत खुशकिस्मत मानती हूं।”

