मुंबई, 14 मई (वार्ता) मशहूर कॉमेडियन भारती सिंह ने हाल ही में नेहा धूपिया और अंगद बेदी के शो डबल डेट में अपने साथ हुई बॉडी शेमिंग के अनुभवों के बारे में खुलकर बात की। इस ईमानदार और भावुक बातचीत में भारती ने बताया कि जिस माहौल में वह बड़ी हुईं, वहां बॉडी शेमिंग को बहुत सामान्य माना जाता था। अपने बचपन को याद करते हुए भारती सिंह ने कहा कि उनके शहर में अगर कोई मोटा होता था तो लोग उसे खुलेआम “मोटा” कह देते थे और अगर कोई सांवला होता था तो “काला” कहकर बुलाते थे, बिना यह सोचे कि इन शब्दों का किसी की भावनाओं पर क्या असर पड़ सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि उनकी मां भी बचपन में अक्सर मज़ाक में कहती थीं, “बस कर, कितना खाएगी, मोटी हो जाएगी।”
भारती सिंह ने कहा कि लंबे समय तक उन्हें यह समझ ही नहीं आया कि इस तरह की बातें किसी इंसान के आत्मविश्वास और आत्मसम्मान को कितनी गहराई से प्रभावित कर सकती हैं। एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में आने और अपनी कॉमिक टाइमिंग के लिए मशहूर होने के बाद उन्होंने महसूस किया कि बॉडी इमेज को लेकर मज़ाक करना अक्सर लोगों को हंसाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन समय और समझ के साथ उन्होंने फैसला किया कि वह किसी दूसरे का मजाक उड़ाने के लिए ऐसे शब्दों का इस्तेमाल नहीं करना चाहतीं। भारती सिंह ने बताया कि इस सोच ने उनका नज़रिया पूरी तरह बदल दिया। दूसरों की शक्ल-सूरत पर मज़ाक करने के बजाय उन्होंने खुद पर हल्के-फुल्के मज़ाक करना शुरू किया, ताकि उनकी कॉमेडी से किसी और की भावनाओं को ठेस न पहुंचे। उनकी इस ईमानदारी ने कई दर्शकों को भावुक कर दिया, खासकर ऐसे समय में जब समाज में बॉडी पॉजिटिविटी और सेल्फ-एक्सेप्टेंस को लेकर बातचीत लगातार बढ़ रही है।

