भोपाल। मध्यप्रदेश पुलिस ने शनिवार को पुलिस मुख्यालय (पीएचक्यू) में अधिकारियों और कर्मचारियों की आपदा प्रबंधन संबंधी तैयारियों को मजबूत करने के उद्देश्य से अग्नि सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम और मॉक ड्रिल का आयोजन किया।
यह अभ्यास पुलिस मुख्यालय के भूतल पर आयोजित किया गया, जिसमें सुरक्षाकर्मियों और कर्मचारियों को आग लगने की स्थिति में स्वयं को सुरक्षित रखते हुए प्रभावी ढंग से आग पर नियंत्रण करने का प्रशिक्षण दिया गया। विशेषज्ञों ने आधुनिक अग्निशमन तकनीकों का प्रदर्शन करते हुए विभिन्न अग्नि नियंत्रण उपकरणों के सही उपयोग की जानकारी दी।
मॉक ड्रिल के दौरान प्रतिभागियों को ज्वलनशील तरल पदार्थों में लगी आग को अग्निशमन यंत्रों और अन्य विशेष उपकरणों की मदद से सुरक्षित तरीके से बुझाने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। साथ ही धुएं और लपटों से बचाव करते हुए आग पर काबू पाने के तरीकों का अभ्यास भी कराया गया।
इस प्रशिक्षण का पर्यवेक्षण मानसेवी डीएसपी मोहनलाल मेहरा, सुरक्षा प्रभारी निरीक्षक मुकेश सैनी तथा पुलिस फायर स्टेशन मंत्रालय, भोपाल के एसआई बी.एस. हुड्डा ने अपनी टीम के साथ किया।
प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों ने बताया कि आग को मुख्य रूप से पांच श्रेणियों—क्लास ‘ए’, ‘बी’, ‘सी’, ‘डी’ और ‘ई’—में वर्गीकृत किया जाता है और प्रत्येक प्रकार की आग को बुझाने के लिए अलग-अलग तरीके अपनाए जाते हैं।
अधिकारियों ने सलाह दी कि आग लगने की स्थिति में तुरंत फायर ब्रिगेड और अन्य आपात सेवाओं को सूचना दी जाए, घबराहट से बचें, लिफ्ट का उपयोग न करें और निर्धारित सुरक्षित मार्गों से भवन को खाली करें।
