गुना: जिले में आउटसोर्स कर्मचारियों के शोषण का मामला गंभीर होता जा रहा है, लेकिन अब तक प्रशासन या कंपनी की ओर से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। कर्मचारियों का आरोप है कि इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड गुना में आउटसोर्स स्टाफ को तय वेतन से कम भुगतान कर रहा है और विरोध करने पर उन्हें नौकरी से निकालने की धमकी मिलती है।
गुना निवासी गजानंद कश्यप ने इस बारे में कई बार शिकायत दर्ज कराई। उनका कहना है कि वे पिछले तीन वर्षों से एचएसई इंचार्ज पद पर कार्यरत हैं। तय वेतन 29,387 रुपये था, लेकिन उन्हें केवल 19,000 रुपये ही दिए गए। साथ ही पीएफ कटौती के बावजूद खाते में आंशिक राशि ही जमा की गई।इसी तरह योगेश शर्मा ने आरोप लगाया कि उन्हें 22,800 रुपये प्रतिमाह का अधिकार था, लेकिन केवल 12,000 रुपये दिए गए और तीन माह का वेतन अब तक बकाया है।
मामले पर आईओसीएल गुना के मैनेजर अतुल गुप्ता ने मीडिया से बात करने से इनकार करते हुए शिकायत सीधे हेड ऑफिस में करने की बात कही। वहीं श्रम पदाधिकारी ने पत्र जारी कर बताया कि प्रकरण का निराकरण भोपाल स्थित क्षेत्रीय श्रमायुक्त (केन्द्रीय) स्तर पर होगा और कंपनी के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
कर्मचारियों का कहना है कि यह न केवल श्रम कानूनों का उल्लंघन है बल्कि उनकी आजीविका पर भी सीधा प्रहार है। ठोस कार्रवाई न होने से कर्मचारियों में रोष गहराता जा रहा है। प्रशासन ने उच्च स्तरीय जांच का आश्वासन दिया है और इसकी प्रगति रिपोर्ट कलेक्टर कार्यालय को भेजे जाने की बात कही है।
