मैंगलोर (कर्नाटक), 19 मई (वार्ता) आइची-नागोया एशियन गेम्स 2026 के नज़दीक आने और भारतीय सर्फिंग के किसी बहु-खेल आयोजन में ऐतिहासिक पदार्पण की तैयारी के बीच, देश में सर्फिंग और स्टैंड-अप पैडलिंग की संचालन संस्था सर्फिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) ने सातवें एनएमपीए इंडियन ओपन ऑफ सर्फिंग 2026 की घोषणा की। यह प्रतियोगिता 29 से 31 मई 2026 तक कर्नाटक के मैंगलोर स्थित ब्लू बे तन्नीरभावी ईको बीच पर आयोजित की जाएगी। चैंपियनशिप की आधिकारिक घोषणा शहर में आयोजित कार्यक्रम के दौरान की गई। इस चैंपियनशिप को न्यू मैंगलोर पोर्ट अथॉरिटी (एनएमपीए) लगातार तीसरे वर्ष टाइटल प्रायोजक के रूप में प्रस्तुत कर रही है। सर्फिंग स्वामी फाउंडेशन और मंत्रा सर्फ क्लब द्वारा सर्फिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के तत्वावधान में आयोजित होने वाला एनएमपीए इंडियन ओपन ऑफ सर्फिंग 2026 राष्ट्रीय सर्फिंग कैलेंडर के सबसे महत्वपूर्ण पड़ावों में से एक माना जाता है और आगामी एशियन गेम्स की तैयारियों में इसकी अहम भूमिका रहने की उम्मीद है। यह चैंपियनशिप उन सर्फर्स के लिए बड़ा प्रतिस्पर्धी मंच साबित होगी जो आइची-नागोया एशियन गेम्स 2026 के लिए भारतीय टीम में अपनी जगह मजबूत करना चाहते हैं।
कर्नाटक सरकार का लगातार सातवें वर्ष इस आयोजन को समर्थन देना राज्य की सर्फिंग और तटीय खेलों के विकास के प्रति दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
कार्यक्रम के बारे में दर्शन एच.वी., आईएएस, उपायुक्त एवं जिला मजिस्ट्रेट, दक्षिण कन्नड़ ने कहा, “कर्नाटक लगातार देश के प्रमुख सर्फिंग और तटीय खेल केंद्रों में उभर रहा है और एनएमपीए इंडियन ओपन ऑफ सर्फिंग इस क्षेत्र में खेल और पर्यटन दोनों को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। हमें ऐसे आयोजन का समर्थन करते हुए खुशी हो रही है, जो हमारी तटीय सुंदरता को प्रदर्शित करने के साथ युवा खेल प्रतिभाओं को भी प्रोत्साहित करता है।” हाल के वर्षों में सर्फिंग भारत में सबसे तेजी से लोकप्रिय होने वाले खेलों में शामिल हो गया है, जिसमें देश के तटीय क्षेत्रों में भागीदारी और लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है। भारतीय सर्फिंग ने हाल ही में एशियन गेम्स के लिए अपने पहले ऐतिहासिक कोटा हासिल कर बड़ी उपलब्धि भी हासिल की। भारतीय सर्फर्स ने हाल के वर्षों में एशियन सर्फिंग चैंपियनशिप में पदक जीतकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी शानदार प्रदर्शन किया है। सर्फिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया के उपाध्यक्ष राममोहन परांजपे ने इस वर्ष के आयोजन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा, “एनएमपीए इंडियन ओपन ऑफ सर्फिंग का यह संस्करण भारतीय सर्फिंग के लिए बेहद महत्वपूर्ण समय पर हो रहा है। एशियन गेम्स को देखते हुए हर राष्ट्रीय प्रतियोगिता हमारे खिलाड़ियों के लिए अंतरराष्ट्रीय चुनौतियों की तैयारी में अहम बन जाती है।”
वर्षों से एनएमपीए इंडियन ओपन ऑफ सर्फिंग ने खुद को भारत की प्रमुख सर्फिंग चैंपियनशिप में स्थापित किया है। यह आयोजन देश के सर्वश्रेष्ठ सर्फर्स को आकर्षित करने के साथ कर्नाटक को सर्फिंग और बीच पर्यटन के बड़े केंद्र के रूप में स्थापित करने में भी मदद कर रहा है। अप्रैल में आयोजित उद्घाटन लिटिल अंडमान प्रो 2026 के बाद, एनएमपीए इंडियन ओपन ऑफ सर्फिंग 2026 राष्ट्रीय चैंपियनशिप श्रृंखला का दूसरा पड़ाव होगा। यह प्रतियोगिता भारत के पूर्वी और पश्चिमी तट के सर्फर्स के बीच रोमांचक प्रतिस्पर्धा प्रस्तुत करेगी, जहां महत्वपूर्ण रैंकिंग अंक दांव पर होंगे, जो सत्र के अंत में खिलाड़ियों की रैंकिंग तय करेंगे। सर्फिंग स्वामी फाउंडेशन के अध्यक्ष धनंजय शेट्टी ने कहा, “पिछले कुछ वर्षों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय सर्फर्स की प्रगति बेहद उत्साहजनक रही है और इस तरह के आयोजन मजबूत प्रतिस्पर्धी ढांचे के निर्माण के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं।” इस चैंपियनशिप में देशभर के शीर्ष सर्फर्स के कई वर्गों में हिस्सा लेने की उम्मीद है और यह भारत के प्रमुख सर्फिंग आयोजनों में एक और रोमांचक संस्करण साबित होने वाला है।

