नयी दिल्ली, 18 मार्च (वार्ता) दिल्ली कांग्रेस अध्यक्ष देवेन्द्र यादव ने बुधवार को दिल्ली सरकार पर आरोप लगाया कि यमुना निरीक्षण के नाम पर सरकार 6.2 करोड़ रुपये की दो लक्ज़री नावें खरीदकर जनता के पैसे की बर्बादी कर रही है।
श्री यादव ने कहा कि यमुना की सफाई के बजाय सरकार वीआईपी सुविधाओं और क्रूज़ सेवाओं पर ध्यान दे रही है, जबकि पहले से मौजूद नावों से निरीक्षण संभव था। उन्होंने दावा किया कि गरीबों को गैस सिलेंडर नहीं मिल रहे, जिससे उन्हें दो वक्त का खाना भी नसीब नहीं हो रहा, लेकिन सरकार सैर-सपाटे पर करोड़ों रुपये खर्च कर रही है।
श्री यादव ने यह भी कहा कि यमुना सफाई के लिए बजट आवंटित होने के बावजूद उसका पूरा उपयोग नहीं हो पा रहा, जिससे सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार केवल घोषणाएं और इवेंट बनाकर प्रचार कर रही है, जबकि जलभराव, प्रदूषण और दुर्घटनाओं जैसे मुद्दों पर ठोस काम नहीं हो रहा। श्री यादव ने जोर देकर कहा कि यमुना को स्वच्छ बनाने के लिए नालों और औद्योगिक अपशिष्टों को रोकना प्राथमिकता होनी चाहिए।
गौरतलब है कि दिल्ली सरकार यमुना नदी के निरीक्षण के लिए दो वीआईपी नावें खरीदने जा रही है। अधिकारियों के अनुसार यमुना सफाई अभियान के तहत नदी का निरीक्षण करने के लिए इन नावों के जरिए यमुना की स्थिति का प्रत्यक्ष जायजा लिया जा सकेगा और सफाई कार्यों की निगरानी की जा सकेगी।
