ग्वालियर: खाद, बिज़ली समेत 11 सूत्रीय मांगों को लेकर किसान संघ ने ज्ञापन दिया। भारतीय किसान संघ ग्वालियर महानगर ने ग्वालियर ग्रामीण की समस्याओं को लेकर कलेक्ट्रेट कार्यालय पर ज्ञापन सोपा, किसान संघ महानगर अध्यक्ष कीरत सिंह राणा ने बताया कि यह समय फसल सिचाई का चल रहा है परंतु किसानों को बिज़ली नहीं दी जा रही है 10 घंटे बिज़ली देने का बादा कर के मेंटेनेंस के नाम पर हर रोज 2 से 3 घंटे बिज़ली कटौती की जाती है जिसके कारण किसानो की सिचाई समय से नहीं हो पा रही है।
इन गंभीर समस्याओं को लेकर 11 सूत्रीय मांगों के साथ ज्ञापन दिया गया जो इस प्रकार है। खाद की काला बाजारी को तत्काल रोका जाए। सब्जी मंडियों में व्यापारियों द्वारा बसूली जा रही आड़त को तत्काल प्रभाव से रोका जाए।ज्ञापन में मांग की गई कि भू-अभिलेख में सुधार जैसे भूमि स्वामी की जमीन पर हस्तांत्ररित नक्शे की आकृति में पुराने रिकॉर्ड के अनुसार तत्काल सही किया जाएं। किसानों के नामांतरण व बटाकन के प्रकरणों के आवेदन की पावती नहीं दी जा रही है लंबित आवेदनों का निराकरण तत्काल किया जाएं। खेतों तक जाने वाले रास्तों को खसरे में प्रविष्ट किया जाए।
कृषि लाईट की समय सीमा बड़ा कर 10 से 12 घंटे की जाए
किसानों को सिंचाई हेतू कृषि लाईट सुचारु रूप से नहीं दी जा रही है परमिट के नाम से रोज दो तीन घंटे कटोती की जाती है जब कि कोई मेंटेनेंस नहीं किया जाता है जिसके कारण फसल की सिचाई समय पर नहीं हो पाती है। नामांकन, बटवारा, बटांकन, खसरा आदि का तीसरा अभियान चल रहा है परंतु अभितक किसानों की समस्याओ का निराकरण नहीं हो पा रहा है।
संघठन के द्वारा सरकार को लिखित रूप से समय समय पर यह अवगत कराया जाता रहा है कि जंगली जानवरों जैसे की नीलगाय, जंगली सुअर से किसानों की 80 प्रतिशत फसल खराब हो जाती है सरकार यदि इस समस्या का हल नहीं कर पा रही है तो किसानों को इन्हे मारने की अनुमति दी जाए।
लक्ष्मीगंज सब्जी मण्डी मे क्रषक विश्राम गृह समय से नहीं खोला जाता जिसके कारण किसानों को परेसानी का सामना करना पड़ता है इसको समय से खोला जाए। लक्ष्मीगंज सब्जी मण्डी मे नाली की सफाई नहीं होने के कारण बहुत गंदगी रहती है जिसके कारण किसान एवं आड़तीयाओं को काफी परेसानी का सामना करना पड़ता है उसे तत्काल प्रभाव से स्वच्छ किया जाए।इस दोरान संभागीय उपाध्यक्ष वीरेंद्र शर्मा, जिला अध्यक्ष रामाधार यादव, महानगर सह मंत्री अनुज अग्रवाल, कौशल चतुर्वेदी, चित्तर सिंह राणा, सुरेंद्र, राहुल, अजय आदि कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
