इंदौर: एमवाय अस्पताल का विस्तार तेजी से आकार ले रहा है. 773 करोड़ रुपए की लागत से 1450 बिस्तरों वाले नए अत्याधुनिक अस्पताल भवन का निर्माण कार्य गति पकड़ चुका है, जो पूरा होने के बाद प्रदेश का सबसे बड़ा शासकीय अस्पताल होगा. आधुनिक हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर से लैस इस परियोजना को तीन वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य रखा है. इस अस्पताल में शहर सहित प्रदेशभर के मरीजों को उन्नत चिकित्सा सुविधाएं मिल सकेंगी.
एमवाय अस्पताल परिसर में प्रस्तावित इस नए अस्पताल की रूपरेखा को लेकर मंगलवार को मेडिकल कॉलेज में बैठक आयोजित की गई. बैठक में परियोजना की प्रगति, लेआउट प्लॉन और निर्माण कार्य की स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई. बैठक के दौरान नई बिल्डिंग के लेआउट प्लॉन का प्रेजेंटेशन दिया गया, जिसमें बताया गया कि अस्पताल की तीन अलग-अलग इमारतें होंगी, जो आपस में कनेक्टेड रहेंगी. यह निर्माण राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) की गाइडलाइन के अनुरूप किया जा रहा है.
इसके अंतर्गत सभी प्रमुख विभागों को एक ही परिसर में समाहित किया जाएगा. परियोजना के तहत 1450 बेड के अस्पताल के साथ 500 बेड का नर्सिंग हॉस्टल, स्टॉफ और मरीजों के परिजनों के लिए पार्किंग, साथ ही एसटीपी और ईटीपी जैसी सुविधाओं का भी निर्माण किया जाएगा. निर्माण कार्य मध्य प्रदेश भवन निर्माण निगम लिमिटेड, भोपाल द्वारा डिजाइन एंड फोरम कंसल्टेंट, नई दिल्ली के मार्गदर्शन में किया जा रहा है. एजेंसी द्वारा प्रारंभिक चरण में मिट्टी परीक्षण और अन्य तकनीकी कार्य शुरू कर दिए गए हैं.
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने साझा किए सुझाव
बैठक में जानकारी दी गई कि परियोजना को तीन वर्ष में पूर्ण करने का लक्ष्य रखा है. निर्माण कार्य की नियमित समीक्षा भवन निर्माण निगम और मेडिकल कॉलेज प्रशासन द्वारा की जा रही है. इस दौरान जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने प्रस्तावित लेआउट पर आवश्यकताएं और सुझाव भी साझा किए. साथ ही परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए. मामले में मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. अरविंद घंघोरिया ने बताया कि यह अस्पताल प्रदेश का सबसे बड़ा शासकीय स्वास्थ्य केंद्र होगा, जहां अत्याधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी. उन्होंने कहा कि जनहित की इस महत्वपूर्ण परियोजना को तय समयसीमा में पूरा करना प्राथमिकता है और आगामी चरणों का कार्य शासन के निर्देशानुसार आगे बढ़ाया जाएगा.
