
इंदौर:शहर में डॉग बाइट की घटनाएं तेजी से बढ़ रही हंै. पिछले 15 दिनों में ही कुत्तों के काटने के 2039 मामले सामने आए हैं. वहीं, पालतू कुत्तों के हमले की दो अलग-अलग घटनाओं में दो मासूम बच्चे घायल हो गए. रालामंडल और बाणगंगा क्षेत्र में हुई इन घटनाओं के बाद पुलिस ने संबंधित कुत्तों के मालिकों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.पहली घटना तेजाजी नगर थाना क्षेत्र के रालामंडल काकड़ स्थित हनुमान मोहल्ला की है. थाना प्रभारी देवेन्द्र मरकाम ने बताया कि यहां रहने वाले 11 वर्षीय शुभम सोलंकी को रविवार को पड़ोसी सुनील कटारे के पालतू कुत्ते ने काट लिया. परिजनों का आरोप है कि कुत्ते को बच्चे की ओर छोड़ दिया, जिसके बाद लाल-भूरे रंग के कुत्ते ने शुभम की कमर पर झपट्टा मारकर काट लिया. घायल बच्चे को परिजन अस्पताल लेकर गए, जहां उसका इलाज हुआ.
इसी तरह की दूसरी घटना बाणगंगा थाना क्षेत्र के विशाल नगर में हुई. यहां डेढ़ साल का आरव पालतू कुत्ते के हमले में घायल हो गया. बच्चे की मां भारती कश्यप ने पुलिस को बताया कि सुबह करीब साढ़े 11 बजे आरव घर के आंगन में खेल रहा था, तभी सामने रहने वाले मनोज परिहार का पालतू कुत्ता खुला घूमते हुए घर के सामने पहुंचा और अचानक बच्चे पर झपट पड़ा. कुत्ते ने उसके कान और गाल पर काट लिया तथा सीने पर पंजा मार दिया. बच्चे के रोने की आवाज सुनकर परिजन बाहर आए और उसे तुरंत इलाज के लिए ले गए. मामले में पुलिस ने शिकायत के आधार पर प्रकरण दर्ज किया है.
उधर, शहर में कुत्तों के हमलों के बढ़ते मामलों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता भी बढ़ा दी है. हुकुमचंद पॉली क्लिनिक (लाल अस्पताल) के प्रभारी डॉ. आशुतोष शर्मा का कहना है कि 1 मार्च से 15 मार्च के बीच केवल हमारे यहां ही कुत्तों के काटने के 2039 मरीज एंटी-रेबीज वैक्सीन के लिए पहुंचे हैं. प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग उपचार के लिए आ रहे हैं, जो स्थिति की गंभीरता को दर्शाता है. डॉ. शर्मा का कहना है कि इनमें बच्चों की संख्या भी काफी है.
डॉक्टर की सलाह : घाव को तुरंत साबुन से धोएं…
लाल अस्पताल के प्रभारी डॉ. आशुतोष शर्मा ने लोगों को सलाह दी है कि कुत्तों के काटने पर तुरंत घाव को साबुन-पानी से धोकर चिकित्सकीय उपचार लें और एंटी-रेबीज टीकाकरण समय पर करवाएं. डॉग बाइट के मामलों में लापरवाही जानलेवा भी हो सकती है. इसलिए समय पर उपचार कराना अनिवार्य है
