सतना: शासकीय इंदिरा कन्या महाविद्यालय में पढऩे वाली छात्राओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। कॉलेज के मुख्य द्वार पर रोजाना असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है, जो छात्राओं के लिए लगातार खतरा बन रहा है। इन तत्वों को सहारा मिलता है आधा सैकड़ा फास्ट फूड और अन्य आइटम्स के ठेलों से, जो गेट के ठीक सामने सज जाते हैं। इन ठेलों के आड़ में मजनू और बदमाश युवक खुलेआम छात्राओं को छेड़छाड़ और तंग करने का मौका ढूंढते हैं।
शुक्रवार को तो स्थिति और भी गंभीर हो गई जब सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो गया। वीडियो में साफ दिख रहा है कि नशे में धुत एक युवक एक छात्रा से बदतमीजी कर रहा है। वह उसके साथ बहस कर रहा है और लोगों का कहना है कि उसके हाथ में ब्लेड भी था। कॉलेज परिसर के बाहर का यह माहौल छात्राओं के लिए रोजाना की परेशानी बन चुका है। सुबह से शाम तक ठेले लगे रहते हैं और उनके पीछे छिपकर असामाजिक तत्व अपनी हरकतें जारी रखते हैं।
कई बार छात्राएं डर के मारे कॉलेज आने-जाने में भी हिचकिचाती हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर निगम अतिक्रमण हटाने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रहा है। ठेलों वालों पर कार्रवाई तो दूर, निगम की टीम इनके खिलाफ उंगली तक नहीं उठा रही। दूसरी ओर महिला पुलिस की टीम भी इन दिनों कॉलेज गेट पर नजर नहीं आती। जब तक कोई बड़ा हादसा या वीडियो वायरल नहीं होता, तब तक पुलिस और प्रशासन की नींद नहीं टूटती। मामला सामने आने के बाद भले ही सरकारी तंत्र सक्रिय हो जाए और जांच का ढोंग रचा जाए, लेकिन रोजाना की स्थिति जस की तस बनी रहती है।
जिम्मेदारी तय फिर भी सुध नहीं
कॉलेज प्रशासन से लेकर जिला प्रशासन तक सबकी जिम्मेदारी तय है, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई सुधार नजर नहीं आ रहा। कोतवाली पुलिस ने इस वीडियो वाले मामले में अब तक कोई शिकायत दर्ज होने या कार्रवाई की कोई जानकारी नहीं दी है। न तो युवक की पहचान हुई है और न ही ठेलों पर अतिक्रमण हटाने की कोई मुहिम शुरू हुई है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस वायरल वीडियो के बाद कितनी गंभीरता दिखाता है और छात्राओं को सुरक्षित माहौल देने के लिए क्या कदम उठाता है।
