रियाद/तेहरान, 03 मार्च (वार्ता) रियाद में अमेरिकी दूतावास ने कहा है कि उसने अपने मिशन पर ड्रोन हमले के बाद सेवायें स्थगित कर दी हैं । इस ड्रोन हमले से पूरे पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ गया है। इस बीच होर्मुज जलडमरूमध्य मार्ग बंद कर दिया गया है और और ईरान ने चेतावनी दी है कि इस रास्ते से गुज़रने की कोशिश करने वाले जहाजों को निशाना बनाया जाएगा। इस जलमार्ग से दुनिया का लगभग 20 प्रतिशत तेल गुज़रता है। अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया एक्स पर पोस्ट किये गये एक बयान में कहा कि मंगलवार को सभी नियमित और आपातकालीन अपॉइंटमेंट रद्द कर दिए गए हैं और रियाद, जेद्दा तथा धाहरान में उसके मिशन पर “घर में ही सुरक्षित रहें” के उपाय लागू थे। बयान में कहा गया, “दूतावास पर हमले के कारण अगली सूचना तक इन स्थानों पर जाने से बचें। हम सभी अमेरिकी . नागरिकों को व्यक्तिगत सुरक्षा योजना बनाए रखने की सलाह देते हैं।” अभी तक इस घटना पर सऊदी अधिकारियों की ओर से तुरंत कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता मेजर जनरल तुर्की अल-मलिकी ने कहा कि आज सुबह रियाद में अमेरिकी दूतावास को ड्रोन से निशाना बनाया गया, जिससे मामूली आग लगी लेकिन कोई हताहत नहीं हुआ। सऊदी गैजेट के मुताबिक ” रियाद में अमेरिकी दूतावास को ड्रोन से लक्षित किया गया था। इस घटना के बाद वहां मामूली आग लगी और बिल्डिंग को थोड़ा नुकसान हुआ।”
प्रवक्ता ने कहा कि रियाद के दक्षिण में प्रिंस सुल्तान एयर बेस के पास पांच ड्रोन को पता लगाकर हवा में ही नष्ट कर दिया गया। इसके अलावा दो ड्रोन से पूर्वी प्रांत में रास तनुरा ऑयल रिफाइनरी पर हमला करने की कोशिश की गयी थी। इन्हें नष्ट करने के दौरान नागरिक इलाकों के पास मलबा गिरने से रिफाइनरी में मामूली आग लग गई, लेकिन किसी के घायल होने की खबर नहीं है। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच विवाद से एशिया के वित्तीय बाजारों में तेज़ी से गिरावट आई है क्योंकि निवशकों ने बढ़ते झगड़े और सामग्री आपूर्ति में लंबे समय तक रुकावट के खतरे पर प्रतिक्रिया दी है। इससे ऊर्जा, विमानन, जहाजरानी और यातायात से जुड़े स्टॉक्स पर सबसे ज़्यादा असर पड़ा। दक्षिण कोरिया के प्रमुख बाजार में सुबह कारोबार लगभग पांच प्रतिशत गिरावट के बाद बंद हुआ, जबकि जापान का निक्केई इंडेक्स लगभग 2.3 प्रतिशत तक गिरा। इस बीच ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य मार्ग से गुजरने वाले जहाजों को चेतावनी दी है। ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के एक अधिकारी ने कहा कि होर्मुज मार्ग को बंद कर दिया गया है और जो जहाज वहां से गुजरने की कोशिश कर रहे हैं। उन पर हमला किया जाएगा।
गार्ड्स कमांडर-इन-चीफ के वरिष्ठ सलाहकार इब्राहिम जबारी के हवाले से कहा गया, ” होर्मुज बंद है। अगर कोई गुजरने की कोशिश करता है, तो रिवोल्यूशनरी गार्ड्स और नौसेना उन जहाजों पर हमला कर देंगे।”
होर्मुज मार्ग लगभग 33 किलोमीटर चौड़ा है जो सऊदी अरब, ईरान, इराक और संयुक्त अरब अमीरात सहित बड़े तेल तेल उत्पादकों को ओमान की खाड़ी और अरब सागर के रास्ते वैश्विक बाजार से जोड़ता है। दुनिया भर में होने वाली तेल खपत का लगभग पांचवां हिस्सा इसी जलमार्ग से होकर गुजरता है। हाल ही में कतर, कुवैत और बहरीन सहित अमेरिकी सैन्य ठिकानों को जगह देने वाले खाड़ी देशों के बीच मिसाइल हमलों के बाद इसे बंद किया गया है। इस कदम से वैश्विक स्तर पर तेल आपूर्ति में रुकावट आने और कच्चे तेल की कीमतें बढ़ने का खतरा है। इससे इस क्षेत्र से कहीं आगे ऊर्जा सुरक्षा और इससे पड़ने वाले आर्थिक प्रभावों को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं।

