पलवल | हरियाणा के पलवल जिले के हथीन उपमंडल के छांयसा गांव में हेपेटाइटिस ने भीषण कहर बरपाया है, जिससे अब तक 7 लोगों की जान जा चुकी है। मृतकों में 8 साल की पायल से लेकर 67 साल की जमीला तक शामिल हैं। नागरिक अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. सतेंद्र वशिष्ठ ने पुष्टि की है कि इनमें से अधिकांश मौतें हेपेटाइटिस के कारण हुई हैं, जबकि अन्य मामलों की जांच जारी है। इस दुखद घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है और स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर प्रभावितों की पहचान और खून के सैंपल लेने में जुटी हुई हैं।
स्वास्थ्य विभाग की प्रारंभिक जांच में गांव में बीमारी फैलने का मुख्य कारण दूषित पेयजल पाया गया है। विभाग द्वारा लिए गए 31 घरों के पानी के सैंपल में से 6 घरों और गांव के 5 मुख्य जल स्रोतों में खतरनाक बैक्टीरिया की पुष्टि हुई है। जांच रिपोर्ट से यह भी खुलासा हुआ है कि पानी में क्लोरीन की भारी कमी है, जिससे संक्रमण तेजी से फैला। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए गांव में एक विशेष टेस्टिंग कैंप लगाया गया है और संदिग्ध मरीजों को इलाज के लिए तुरंत जिला सिविल अस्पताल रेफर किया जा रहा है।
बढ़ते प्रकोप को देखते हुए सिविल सर्जन ने ग्रामीणों के लिए विशेष स्वास्थ्य एडवाइजरी जारी की है। विभाग ने लोगों को पानी उबालकर पीने, खाना खाने से पहले और शौच के बाद हाथों को साबुन से अच्छी तरह धोने की सलाह दी है। साथ ही, पीने के पानी को स्वच्छ स्थान पर स्टोर करने और साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि यदि किसी को भी बुखार या कमजोरी महसूस हो, तो वे बिना देरी किए नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें ताकि समय पर इलाज शुरू हो सके।

