नयी दिल्ली, 16 फरवरी (वार्ता) खो खो विश्वकप 2025 में को भाग ले चुके दिल्ली के तीन खो-खो खिलाड़ियों, मेहुल, अंशु कुमारी और नसरीन, को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 75-75 लाख रुपये के नकद पुरस्कार से सम्मानित किया। श्रीमती रेखा गुप्ता ने शुक्रवार को दिल्ल खेल महाकुंभ के उद्घाटन के समय अवसर इन खिलाड़ियों को ये नकद पुरस्कर दिये। भारत ने इस उद्घाटन टूर्नामेंट में पुरुष और महिला दोनों वर्गों में खिताब जीता। यह प्रतियोगिता 13 से 19 जनवरी 2025 तक नई दिल्ली के आईजी स्टेडियम में आयोजित की गई थी, जिसमें 23 देशों की 20 पुरुष और 19 महिला टीमें शामिल हुईं, सभी छह महाद्वीपों से प्रतिनिधित्व मिला।
21 वर्षीय मेहुल ने इस वर्ष ओपन स्कूलिंग के माध्यम से कक्षा 12 की परीक्षा दी है। 18 वर्षीय अंशु तीन भाई-बहनों में सबसे छोटी हैं और पंजाब के फगवाड़ा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी से स्पोर्ट्स में बैचलर ऑफ फिजिकल एजुकेशन की पढ़ाई कर रही हैं। 27 वर्षीय नसरीन भारतीय महिला राष्ट्रीय खो-खो टीम की पूर्व कप्तान हैं।
खो-खो फेडरेशन ऑफ इंडिया (केकेएफआई) के अध्यक्ष सुधांशु मित्तल ने कहा कि खो-खो अब न सिर्फ पहचान देता है, बल्कि करियर के अवसर भी प्रदान करता है और युवा इस खेल में करियर बनाने के लिए आकर्षित हो रहे हैं। उन्होंने कहा, “खो-खो अब एक आधुनिक खेल है, जो स्वदेशी रूप से डिजाइन किए गए अत्याधुनिक मैट पर खेला जाता है और इसमें प्रशिक्षण, पोषण, काउंसलिंग आदि सभी आयामों में स्पोर्ट्स साइंस के तत्व शामिल हैं। बढ़ती पहचान इस खेल की बढ़ती लोकप्रियता और राष्ट्रीय स्तर पर इसकी मजबूत उपस्थिति तथा वैश्विक स्तर पर इसके बढ़ते फुटप्रिंट का प्रमाण है।” श्री मित्तल ने कहा, “मैं दिल्ली सरकार, विशेषकर दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता और मंत्री आशीष सूद को इस मान्यता के लिए धन्यवाद देता हूं। यह पुरस्कार खिलाड़ियों के लिए बड़ी मदद है और युवा एथलीटों को खो-खो में करियर बनाने के लिए प्रेरित करेगा।” केकेएफआई के महासचिव उपकार सिंह विरक ने कहा, “यह एक महान सम्मान है कि हमारे खिलाड़ियों को उनकी उपलब्धियों के लिए मान्यता मिल रही है। हम अपने खिलाड़ियों को सर्वोत्तम प्रशिक्षण और सुविधाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

